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जेब खर्च मिलने पर तीन दोस्त बन गए लुटेरे

7 वर्ष पहले
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5 लुटेरों ने जेल में मिलाया हाथ, बाहर आए तो तीन महीने में की 24 वारदात

हार्डक्राइमकरने के आरोप में सलाखों के पीछे पहुंचे 5 बदमाशों ने जेल में रहकर हाथ मिलाया। और बाहर आते ही गैंग बनाकर लूटपाट की वारदातें करनी शुरू कर दी। मेशी के नाम से बनाए गए इस गैंग ने तीन महीने में ही 24 वारदातें कर डाली। आरोपी लूटपाट करने के साथ नशा तस्करी का भी काम करते थे। फिलहाल आरोपियों से 14 वारदातों का पता चला है। आरेापियों को पुलिस ने उस समय गिरफ्तार किया जब वह पेट्रोल पंप लूटने की योजना बना रहे थे। आरोपियों में गैंग का सरगना लखविंदर सिंह उर्फ लक्की उर्फ मेशी शिमलापुरी का रहने वाला, मास्टरमाइंड रवि कुमार राहों रोड, बलवीर सिंह उर्फ बीरू राहों रोड, धर्मेंद्र सिंह उर्फ विक्की गांव पद्दी और सुनील कुमार दुआ हैं। पुलिस ने लखविंदर सिंह से 110 ग्राम और रवि से 136 ग्राम नशीला पाउडर, 3 एसी, 18 हजार रुपए, कृपाण, खंजर, राड अन्य सामान बरामद किया है। आरोपियों के खिलाफ थाना मॉडल टाउन में गिरोहबंदी, लूटपाट नशा तस्करी करने के आरोप में मामला दर्ज किया गया है। आरोपियों को अदालत में पेश कर 3 दिन के रिमांड पर लिया गया है।

एडीसीपी-4 जेएस सिद्धू, एसीपी रमनजीत सिंह ने बताया कि सीआईए के इंस्पेक्टर राजन परमिंदर सिंह की टीम दुगरी रोड के लिबड़ा कट पर नाकाबंदी की हुई थी। उन्हें सूचना मिली कि उक्त आरोपी पार्क में बैठे हैं। जानकारी मिलते ही उनकी टीम ने रेड कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। उन्होंने बताया कि शुरुआती पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह तीन महीने पहले ही जेल से छूट कर आए थे। जेल में रहते ही उनकी जान पहचान एक दूसरे से हुई थी। बाहर आते ही उन्होंने अपना गैंग बनाकर लूटपाट करनी शुरू कर दी। अय्याशी करने और नशे को पूरा करने के लिए ही वह वारदातें करते थे। वारदात की योजना मास्टरमाइंड रवि बनता था और सरगना लखविंदर सिंह था। लखविंदर सिंह के खिलाफ हार्ड क्राइम के 15, रवि के खिलाफ 3, अन्य तीनों के खिलाफ विभिन्न थानों में मामले दर्ज है। रवि के खिलाफ लड़की को अगवा कर रेप करने के आरोप में भी मामला दर्ज हुआ था।

उन्होंने बताया कि आरोपी लुधियाना के विभिन्न इलाकों में वारदात करने के अलावा डेहलों, जगराओं, मुल्लांपुर में भी वारदातें करते थे। लूटपाट के दौरान अगर उनका कोई विरोध करता था तो आरोपी उसे तेजधार हथियार दिखाकर जान