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  • अगवा करने के आरोपियों ने जमानत मिलते ही लड़की को लगाई आग, जान गई

6 लोगों ने घर में घुस लगाई थी आग, चार दिन बाद टूटी सांसें

7 वर्ष पहले
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(लड़की की मौत से गमगीन परिजन।)
लुधियाना। शहर की दुर्गा काॅलोनी में छह बदमाशों द्वारा जिंदा जलाई गई नाबालिग लड़की की चार दिन बाद चंडीगढ़ के सेक्टर 32 स्थित मेडिकल कॉलेज में सोमवार की रात मौत हो गई। इस मामले में कोताही बरतने और आरोपियों का साथ देने के आरोप में पुलिस कमिश्नर प्रमोद बान ने दो चौकी इंचार्जों को लाइन हाजिर कर दिया है। एडीसीपी सतवीर सिंह अटवाल को मामले की जांच कर रिपोर्ट देने के लिए कहा गया है।
इधर, मंगलवार की दोपहर जैसे ही नाबालिग की लाश कॉलोनी में पहुंची तनाव फैल गया। मौत के विरोध में लोगोें ने प्रदर्शन कर पुलिस के खिलाफ भड़ास निकाली। उन्होंने पुलिस पर आरोपियों से मिलीभगत करने का आरोप लगाया। पुलिस ने काफी देर बाद किसी तरह समझा बुझाकर मामले को शांत कराया। प्रदर्शनकािरयों ने आरोपियों को फांसी देने और पीड़ित परिवार को दस लाख रुपए मुआवजा देने की मांग की। देर रात पुलिस ने युवती का शव सुपुर्दे खाक कर दिया।
दोषियों पर होगी कार्रवाई: बान
लापरवाही पर चौकी इंचार्ज कंगनवाल दलवीर सिंह व चौकी इशर काॅलोनी इंचार्ज मोहन लाल को लाइन हाजिर किया गया है। आरोपों की जांच के लिए एडीसीपी रैंक के अफसरों के नेतृत्व में एक टीम गठित की गई है। जो कि मामले की जांच कर उसकी रिपोर्ट पेश करेगी। जो पुलिस मुलाजिम दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
-प्रमोद बान, पुलिस कमिश्नर, लुधियाना।
जल्द होगी गिरफ्तारी: एडीसीपी
इस मामले में पुलिस ने अभी तक चार आरोपियों अनवर, शाहजाद, बिंदर व छोटू को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें से दो आरोपी बब्बू और अमरजीत फिलहाल फरार हैं। जिन्हें जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। आरोपियों का साथ देने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की जा रही है। इलाके में गश्त तेज कर दी गई है। और शरारती तत्वों पर पुलिस पैनी नजर रखे हुए है।
-सतबीर सिंह अटवाल, एडीसीपी।
क्या है पूरा मामला
25 अक्टूबर को दुर्गा कॉलाेनी निवासी इस युवती को अनवर, नियाज छोटू, शहनाज और विक्की ने अगवा कर लिया था। अगवा करने के दो दिन बाद 27 अक्टूबर की रात आरोपियों ने नाबालिग को छोड़ा था। 28 अक्टूबर को पीडि़ता के घरवाले पुलिस के पास गए और मामले की शिकायत दी। इस पर पुलिस ने कार्रवाई नहीं की।
घरवालों ने जब प्रदर्शन किया तो 29 अक्टूबर को पुलिस ने चारों के खिलाफ पर्चा दर्ज कर लिया। केस दर्ज होने से गुस्साए युवकों ने 31 अक्टूबर को लड़की के घर में घुसकर मारपीट की। इस मामले में एक केस और दर्ज किया गया। हालांकि पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए रात को तीन आरोपियों को अरेस्ट कर लिया। इधर, 12 नवंबर को आरोपी जेल से जमानत पर रिहा हो गए। उन्होंने चार दिसंबर की सुबह घर में अकेला देख युवती पर मिट्‌टी का तेल छिड़ककर आग लगा दी थी।
पांच दिसंबर को राजिंदरा अस्पताल से युवती को पटियाला रेफर किया गया था। फिर यहां से उसे चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया। सोमवार की रात इस युवती की मौत हो गई। इस मामले में पुलिस ने अनवर, नियाज छोटू, शहनाज, विक्की, अमरजीत और बब्बू समेत छह लोगों पर केस दर्ज किया है।
पूरा घटनाक्रम, कब क्या-क्या हुआ
>25 अक्टूबर को किडनैप किया था।
> 27 की रात लड़की को छोड़ा गया।
> 28 को पुलिस में घरवालों ने शिकायत दी। लेकिन, पुलिस ने पर्चा दर्ज नहीं किया।
> रोष जताने पर 29 अक्टूबर को अनवर, नियाज छोटू, शहनाज और विक्की पर आईपीसी की धारा 365, 354, 376, 511 के तहत मामला दर्ज।
>31 अक्टूबर को घर में घुसकर मारपीट करने पर 452, 323, 506, 342 की धारा में एक और मुकदमा। रात को इसमें तीन आरोपी पकड़े गए।
>12 नवंबर को जेल से छूटकर आए।
>4 दिसंबर को घर में घुसकर आग लगा दी।
> सोमवार की रात इसकी मौत हो गई।
> अब छह लोगों पर 307, 302 की धारा में केस दर्ज।
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