पुलिस ने की मेरे अपहरण की कोशिश: विक्रम
होशियारपुर | एनडीपीएसमामलेमें साढ़े छह महीने बाद जमानत पर रिहा हुए रविदास नगर के विक्रम सिंह ने पुलिस पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। विक्रम ने एसपी (डी) को दी शिकायत में कहा है कि रंजिश के चलते पुलिस वालों ने उस पर नशे का केस डाला था और उन्हीं पुलिस वालों ने 19 सितंबर को उसे अगवा करने की कोशिश की। उसे और उसकी प|ी को जान से मारने की कोशिश भी की।
विक्रम सिंह ने शिकायत में बताया है कि 2004 में उसने राजवीर कौर से प्रेम विवाह किया था। इससे पहले एक एएसआई उससे शादी करना चाहता था। इनकार करने पर वो रंजिश निकाल रहा है।विक्रम ने बताया कि उसने एएसआई प्रदीप कुमार, हेड कांस्टेबल सतीश कुमार, हेड कांस्टेबल परमजीत सिंह अन्य के खिलाफ जूनियर मजिस्ट्रेट को शिकायत की है। 19 को पैरवी के लिए प|ी के साथ कोर्ट में गए। इस दौरान एएसआई प्रदीप कुमार, हेड कांस्टेबल सतीश परमजीत सिंह भी कोर्ट में वर्दी डालकर पेश हुए। इस दौरान एएसआई प्रदीप ने प|ी को धमकी दी केस वापस ले तो नहीं तो जान से मरवा भी सकता है। इसके बाद वह बाजार चला गया और प|ी बच्चों को लेने स्कूल। सवा एक बजे जब वह शिमला पहाड़ी चौक पर नाइस कंप्यूटर के सामने था। इस दौरान पुलिस मुलाजिम जिसे सब बाबा बाबा कहते हैं चार अज्ञात व्यक्ति जो की सिविल कपड़ों में बिना नंबर प्लेट की स्विफ्ट गाड़ी में आए थे, ने जबरदस्ती गाड़ी में बिठाने की कोशिश की।
राजवीर कौर ने दायर केस में कहा है कि 2004 में उसने विक्रम से प्रेम विवाह किया था। राजवीर ने कहा कि मेरी मां माता सुरिंदर कौर एएसआई थीं। उन दिनों वह पुलिस लाइन के क्वार्टरों में रहती थी। ससुर गुरमेल सिंह भी पंजाब पुलिस में हेड कांस्टेबल थे। वह भी पुलिस लाइन में रहते थे। इसी बीच, विक्रम और वह एक दूसरे से प्यार करने लगे। अभी थाना मॉडल टाउन में बतौर एएसआई प्रदीप सिंह उससे शादी करना चाहता था। इनकार करने पर उसने मन में रंजिश रख ली। उसी ने 30 जनवरी को दो पुलिस मुलाजिमों के साथ उसके घर आया और पति को उठा ले गया। दो फरवरी को पति पर 560 ग्राम नशीले पदार्थ का केस दर्ज कर दिया। दंपति ने इसकी शिकायत गवर्नर पंजाब, हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस, डीजीपी पंजाब, डीजीपी क्राइम और एसएसपी होशियारपुर को भी भेजी है।
मामले की जांच होगी : एसपी
एसपी(डी) हरजिंदर सिंह का शिकायत के बारे में कहना है कि वह मामले की जांच कर रहे हैं। जो भ