232 महिला और 166 पुरुष पास आउट
सहायकप्रशिक्षणकेंद्र सीमा सुरक्षा बल खड़कां में बैच नंबर 232 के ट्रेनिंग प्राप्त कर चुके 191 शिक्षार्थियों की पासिंग आउट परेड शनिवार को करवाई गई। परेड में 25 महिला शिक्षार्थी भी शामिल थीं। आइजी बीएसएफ पंजाब फ्रंटियर अनिल पालीवाल इस मौके पर मुख्य मेहमान के तौर पर शामिल हुए। निरीक्षण करने के बाद उन्होंने प्रभावशाली परेड से सलामी ली। एसडीएम कम कमिश्नर नगर निगम आनंद सागर शर्मा भी समागम में विशेष तौर पर उपस्थित हुए। आइजी पालीवाल ने बताया कि सीमा सुरक्षा बल की स्थापना एक दिसंबर 1965 को 25 बटालियन के साथ की गई थी जो आज बढ़कर 183 बटालियन हो गई है। इसमें आठ सहायक प्रशिक्षण केंद्र, सात आर्टिलरी रेजीमेंट एक-एक एयर विंग वाटर विंग शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि 2009 से सीमा सुरक्षा बल में महिला कांस्टेबलों को भी शामिल किया गया। आज 25 कांस्टेबल और देश की सीमाओं की सुरक्षा के लिए तैयार हो गई हैं जो गर्व की बात है। उन्होंने बताया कि शनिवार की पासिंग आउट परेड में बंगाल से 90, गुजरात से 40, असम से 33, यूपी बिहार से 7-7, महाराष्ट्र से तीन, त्रिपुरा, छत्तीसगढ़, जेएंडके, हरियाणा से 2-2 आंध्र प्रदेश और उत्तराखंड से 1-1 शिक्षार्थी ने भाग लिया है। सभी को 44 सप्ताह की सख्त ट्रेनिंग दी गई है। पासिंग आउट परेड को डिप्टी कमांडेंट ट्रेनिंग आरएस रंगड़ा, बीएस यादव इंस्पेक्टर सूर्य भान सिंह की देखरेख में तैयार किया गया। टू आइ सी अश्विनी मैथिल, डिप्टी कमांडेंट आरपीएस राठे, एमएस राजपुरोहित, एनपी शर्मा, ललन कुमार, डीएस पवार, आशु रंजन राय, सुरेश कौंडल, एसबी यादव, मुकेश कुमार, इंस्पेक्टर सुनील सिंह, सीमा सुरक्षा बल के अधिकारी, जवान शिक्षार्थियों के परिवार मौजूद रहे। ट्रेनिंग के दौरान पुरुष शिक्षार्थियों में दीपक कुमार ओवरआल पहले स्थान पर, छाया तिवारी ओवरआल दूसरे स्थान, किरण चौधरी बेस्ट इन शूटिंग, परिमल शुक्ला मिकायू कुमारी बेस्ट इनएंडुरेंस अमित घोष बेस्ट इन ड्रिल रहे।
बीएसएफ खड़कां कैंप में आयोजित पासिंग आउट परेड।
सलामी लेते आईजी।