ज्यूलर्स की 150 दुकानें बंद रहीं, करोड़ों का नुकसान
भास्कर संवाददाता | होशियारपुर
जेजीएफयूनियन दिल्ली के आह्वान पर शहर की सर्राफा एसोसिएशन और स्वर्णकार संघ के सदस्यों ने अपनी दुकानें बंद रखीं, वहीं जो दुकानदार इन दोनों संस्थाओं के साथ जुड़े नहीं है उन्होंने अपनी दुकानें रोजाना की तरह खोलीं। होशियारपुर में बंद का मिला जुला असर देखने को मिला। होशियारपुर सर्राफा एसोसिशन और स्वर्णकार संघ से संबंधित 150 दुकानें पूर्ण तौर पर बंद रहीं और करोड़ों का नुकसान हुआ।
सर्राफा एसोसिएशन के प्रधान गोपी चंद कपूर ने कहा कि एक तरफ सरकार दो लाख रुपए और इससे ज्यादा कीमत की ज्वेलरी खरीदने वाले ग्राहक का पैन कार्ड लेना अनिवार्य किया हैं लेकिन गांवों में तो अधिकतर लोगों के पास पैन कार्ड बने हीं नहीं है। सरकार पहले लोगों के पैन कार्ड बनवाए फिर ऐसे कानून लागू करें। ज्वैलरी का काम करने वाले सूत्रों के मुताबिक एक दिन में कितना नुकसान हुआ, इसका अनुमान लगाना मुश्किल है लेकिन इतना है कि एक दिन में करोड़ों का नुकसान पूरे जिले में हुआ हैं। इस मौके पर इशान जैन, अमृत जैन, वरूण जैन, सुभाष जैन, मुनी लाल जैन, साहिल जैन, रजनीश जैन, बलजिंदर, सरवेश जैन, केशव कुमार, राजिंदर, अनुजजैन, स्वतंत्र जैन, संगीत जैन, संजीव जैन, अनूप कुमार जैन, विक्की जैन, दीपक जैन, गौरव अजय जैन और परमिंदर पिंदी आदि भी मौजूद थे।
शादी के सीजन के चलते कामकाज प्रभावित
दुकानदारोंका कहना है आजकल शादियों का सीजन चल रहा है और गांवों के साथ साथ शहरों से ग्राहक आते हैं। उपर से सरकार के ऐसे फरमान से उनका कामकाज प्रभावित हुआ है। उन्होंने कहा-यदि सरकार को ऐसे कानून बनाने है कि सभी लोगों के पैन कार्ड होने जरूरी हैं, जो पोसीबल ही नहीं हैं।
पैन का़र्ड अनिवार्य होने के कानून का विरोध करते सर्राफा एसोसिएशन के सदस्य।