बच्चों को दी आपदा से बचने की ट्रेनिंग
मनवाल में 7वीं बटालियन एनडीआरएफ बठिंडा की ओर से लगाए गए कैम्प में स्कूल के विद्यार्थीयों को आपदा से बचाव की ट्रेनिंग देते टीम के सदस्य अन्य।
मनवाल स्कूल में 7वीं बटालियन एनडीआरएफ बठिंडा ने विद्यार्थीयों को आपदा प्रबंधों के दिए टिप्स
भास्करन्यूज | जुगियाल
सोमवारको7वीं बटालियन एनडीआरएफ बठिंडा की 35 सदस्यों की टीम ने इंस्पैक्टर प्रशांत कुमार की अध्यक्षता में सीसे स्कूल मनवाल में कैंप लगा बच्चों को आपदा से बचने की ट्रेनिंग की। यह कैंप स्टूडेंट्स को कुदरती आपदा से बचने के तौर-तरीके बताने के लिए डीसी पठानकोट और जिला शिक्षा अधिकारी सेकेंडरी के निर्देशानुसार लगाया गया। इस दौरान स्कूल के करीब 450 बच्चों और 20 अध्यापकों को कुदरती आपदा से बचाव हेतु जरूरी टिप्स दिए गए। इस मौके पर इंस्पेक्टर प्रशांत कुमार ने बताया कि कुदरती आपदा जैसे भूकंप, बाढ़ और आग लगने पर तीन तरह के नुकसान होते हैं, जिनमें जानी नुकसान, माली नुक्सान और वातावरण की तबाही शामिल है। उन्होंने बताया कि अगर भूकंप जाए, तो इमारत के एक कोने में खड़े हो जाएं।
उन्होने ट्रेनिंग में हिस्सा लेने वाले छात्रों को बताया कि बाढ़ आने की स्थिति से निपटने के लिए प्रत्येक परिवार के पास एक किट जरूरी है, जिसमें एक टार्च, छतरी, एक डंडा, पांच मीटर की एक रस्सी और ट्रांजिस्टर होना चाहीए। उन्होंने बताया कि आपात स्थिति में सहायता पाने के लिए एंबुलेंस के लिए 108, हाइवे इमरजेंसी के लिए 1073, फायर ब्रिगेड के लिए 101 और पुलिस सहायता के लिए 100 नंबर डायल कर सकते हैं। इस मौके पर एनडीआरएफ के एसआई नंदन, एएसआई पूर्ण, स्कुल की प्रिंसीपल पूनम बाला, मास्टर ट्रेनर अमरजीत सिंह, सुमेश शर्मा,मनोज कुमार, बीना गुप्ता,रेणू चोपड़ा, अमिता, नेहा मनी आदि मौजूद थे।