पीडब्ल्यूडी वर्कर यूनियन ने पंजाब सरकार के खिलाफ किया प्रदर्शन
जलसप्लाई एंड सेनिटेशन विभाग को पंचायत के हवाले करने के विरोध में पीडब्ल्यूडी फील्ड एंड वर्कशाप वर्कर यूनियन ने चेयरमैन मंगत सिंह अध्यक्ष सतीश शर्मा की अध्यक्षता में पंजाब सरकार के खिलाफ रोष जताया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने विभाग को पंचायतों के हवाले करने की गुपचुप अधिसूचना जारी कर दी है।
इसके बाद विभाग की जल सप्लाइयों को पंचायत के हवाले करने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी, जबकि पंचायतों के पास अभी तक इतने फंड या साधन नहीं हैं कि वह इन सप्लाइयों को अपने स्तर पर चला सकें। उन्होंने कहा कि 1995 में पंजाब में 876 जल सप्लाइयां पंजाब में पंचायतों को दी गई थीं, लेकिन उनमें से काफी पंचायतें इन सप्लाइयों को नहीं चला पा रहीं तथा उन पर करोड़ों रुपए की राशि के बिजली बिल बकाया हैं। उन्होंने कहा कि इस फैसले से विभाग में कार्य करने वाले कर्मचारियों का भविष्य भी अधर में लटक जाएगा।
उन्होंने कहा कि पंचायतें इन सप्लाइयों को लेने के लिए तैयार नहीं हैं, जबकि विभाग के अधिकारी उनसे मता पास करवाने में जुटे हुए हैं। उन्होंने कहा कि विभाग की सुप्रीम कोर्ट के पुरानी पेंशन स्कीम के फैसले को लागू नहीं किया जा रहा। उन्होंने कहा कि इस संबंधी संघर्ष की रूपरेखा तय करने के लिए शिमला पहाड़ी पठानकोट में 13 फरवरी को बैठक की जा रही है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने अपना फैसला वापस लिया, तो इसके खिलाफ जोरदार संघर्ष छेड़ा जाएगा।
इस मौके पर राजेन्द्र कुमार, सुरेश कुमार, रविन्द्र चावला, मोहन सिंह, प्यारा सिंह, रमेश कुमार, बलवंत सिंह, कुलदीप शर्मा, गुरमीत सैनी, सुरिन्द्र कुमार, महिन्द्र सिंह, रमेश कुमार, गोवर्धन सिंह, राजेश कुमार, यशपाल, सिकंदर सिंह, अश्विनी कुमार अविनाश चंद्र आदि मौजूद थे।