भारतीय शूटरों का रजत पर निशाना
सेजवाला ने जीता पदक
बॉक्सिंग
भारतके संदीप सेजवाल ने मेंस 50 मीटर ब्रेस्टस्ट्रोक स्विमिंग इवेंट में कांस्य पदक जीत लिया। भारत का 17 वें एशियन गेम्स की तैराकी प्रतियोगिता में यह पहला पदक है। सेजवाल ने पांचवीं लेन में तैरते हुए लाजवाब प्रदर्शन किया और 28.26 सेकंड का समय लेकर कांस्य पदक जीता। कजाकिस्तान के दिमित्रि बालानडिन ने 27.78 सेकंड के समय और गेम्स रिकॉर्ड के साथ स्वर्ण पदक जीता जबकि जापान के यासुहीरो कोसेकी ने 27.89 सेकंड के साथ रजत जीता। भारत ने पिछले ग्वांगझू एशियाई खेलों में 50 मीटर बटरफ्लाई स्पर्धा में वीरधवल खाड़े के शानदार प्रदर्शन से कांस्य पदक जीता था जो एशियाई खेलों में 24 साल बाद तैराकी में भारत का पहला पदक था। सेजवाल ने खाड़े की उपलब्धि को इचियोन में दोहराते हुए कांस्य पदक जीत लिया।
सपनापूरा हुआ मेरा: स्विमिंगमें कांस्य पदक जीतने वाले संदीप सेजवाल ने एशियन गेम्स में मेडल जीतने पर कहा कि यह सपने के सच होने जैसा है। सेजवाल ने कहा कि मैं स्वीमिंग में करियर बनाने के लिए ही 8 साल पहले दिल्ली से बेंगलुरू शिफ्ट हुआ था। मैने अपने कोचेज के साथ एशियन गेम्स की कड़ी तैयारी की थी। अगर यह मेडल नहीं आता तो मेरा बेंगलुरु शिफ्ट करने के फैसले पर पानी फिर जाता। उन्होंने कहा कि पदक जीतने के बाद मैने तुरंत अपनी मां से फोन पर बात की और वह काफी खुश हुईं।
इंचियोन. भारतीयमुक्केबाज अखिल कुमार का प्री क्वार्टर फाइनल में हार का कारण वायरल भी रहा। अखिल को पहली बाउट से पहले तेज बुखार हो गया था। उन्होंने मेडिसन ली जिससे उन्हें ज्यादा पानी पीड़ा और एक्सरसाइज भी नहीं हो पाई। इससे उनका वेट करीब 2.50 किलो तक बढ़ गया था। एक बुखार और दूसरा वेट को कम करने की चुनौती को अखिल ने बड़ी मश्क्कत से पूरा किया। खेल गांव में जब दूसरे मुक्केबाज रात को सो रहे होते थे तो अखिल कुमार रनिंग और एक्सरसाइज कर रहे होते थे। नेपाल के खिलाफ पहली बाउट से एक दिन पहले तक अखिल 60 किलो भार सेट करने में जी जान से जुटे हुए थे। बुखार की वजह से उनका शरीर में वीकनेस आई गई थी लेकिन अखिल ने बाउट में यह जाहिर नहीं होने दिया। शुक्रवार को भी फिलीपिंस के मुक्केबाज के खिलाफ पहला राउंड जीत कर उन्होंने शानदार शुरूआत की थी। दूसरे राउंड में विपक्षी उन पर भारी पड़ा और राउंड जीत कर स्कोर बराबर कर दिया। तीसरे राउंड में दो जजो