पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • पंचायतों का प्राइवेट ऑडिट नहीं रुकेगा : मलूका

पंचायतों का प्राइवेट ऑडिट नहीं रुकेगा : मलूका

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
सरपंच यूनियन को कोई तकलीफ है तो डिप्टी सीएम सुखबीर से मिल ले

भास्कर न्यूज | चंडीगढ़

संगतदर्शन,एमपी लैड, एमएलए, फाइनांस कमीशन और सरकार की ओर से दी जाने वाली ग्रांटों का प्राइवेट सीए से ऑडिट करवाने के आदेश के पंजाब की सरपंच यूनियन की ओर से किए जा रहे विरोध को ग्रामीण विकास आैर पंचायत मंत्री सिकंदर सिंह मलूका ने सिरे से खारिज कर दिया है।

पंचायतों को हर साल करोड़ों रुपए की ग्रांट मिलती है जिसका विभाग की ओर से लोकल ऑडिट भी होता है लेकिन कभी कोई बड़ा फ्रॉड लोकल ऑडिट में नहीं निकला है जबकि आए दिन ग्रांटों को खुर्दबुर्द करने की खबरें छपती रहती हैं। पंजाब सरपंच यूनियन के प्रधान हरपाल सयालू प्राइवेट ऑडिट रुकवाने को लेकर वीरवार को सिकंदर सिंह मलूका से मिले लेकिन मंत्री ने ऐसा करने से इंकार कर दिया। मलूका ने कहा, यदि सरपंचों या पंचायतों ने कोई घपला नहीं किया है तो उन्हें घबराने की क्या जरूरत है? सयालू ने कहा, छोटे-मोटे सामान आदि की खरीद कई बार बिना बिलों के कर ली जाती है। मंत्री ने कहा, यदि यूनियन को कोई तकलीफ है तो वह डिप्टी सीएम सुखबीर बादल से बात कर सकते हैं।

मलूका ने बताया, पहले चरण में प्राइवेट ऑडिट केवल उन पंचायतों का किया जाएगा जिन्हें 40 लाख या इससे ज्यादा की ग्रांट मिली है। इसके बाद उन गांवों का ऑडिट होगा जिन्हें कम ग्रांट मिली है। सरकारी ऑडिटर होने के बावजूद प्राइवेट ऑडिट करवाने के सवाल पर मलूका ने कहा, यह एक क्रॉस चैक भी है। यदि हमारे ऑडिटरों ने सिर्फ पैसे लेकर ही ऑडिट कर दिए हैं तो उनकी भी पोल खुलेगी और उन पर कार्रवाई होगी।

कसूरवार जेई और पंचायत सेक्रेटरी पर होंगे केस

मलूकाने कहा, जिस किसी भी पंचायत में गड़बड़ी पाई गई, उसके सरपंच के साथ-साथ अब जेई और पंचायत सेक्रेटरी पर भी केस दर्ज होंगे। उन्होंने कहा, इससे पहले केवल सरपंचों पर केस दर्ज होते हैं जबकि यह देखने में आया है कि पंचायत सेक्रेटरी और जेई की भी घपलों में बराबर की शमूलियत है।