दीवान सजाया, कीर्तन से संगत निहाल
टांडा उड़मुड़ | डेराबाबा बलवंत सिंह नानक दुख भंजन सत्संग घर में चल रहे 33वें वार्षिक इकोतरी समागम के सातवें दिन नौ श्री अखंड पाठ साहिब की चौथी लड़ी शुरू हुई। श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की छत्र-छाया में सजाए गए धार्मिक दीवान में मुख्य सेवादार संत गुरदयाल सिंह के अलावा बाबा सतपाल सिंह साहरी वाले, संत सुखविंदर सिंह टिब्बे वाले और बाबा जोगा सिंह ने देश विदेश से आई संगत को गुरुवाणी कीर्तन से निहाल किया। बाबा गुरदयाल सिंह ने कहा मोह माया के चंगुल से निकलकर वाहेगुरु को समर्पण से ही असली सुख मिलता है। मौके पर गुरदीप शेखों, सतनाम सिंह, सुखदेव सिंह, धरमिंदर सिंह, दर्शन सिंह हंबड़ा, गुरदीप सिंह मूम, बलविंदर सिंह, जसदेव सिंह, कुलदीप सिंह, सुखविंदर सिंह, बलदेव सिंह आदि मौजूद थे।