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बिजली रीडिंग में गड़बड़ी, मीटर रीडर को नोटिस
बिजलीचोरीपकड़ने के लिए भले ही पावरकाम हर तरफ शिकंजा कसने में लगा हुआ है, लेकिन डिपार्टमेंट के अपने ही मुलाजिम गड़बड़ियां करने में लगे हैं। खाता नंबर 3000036517 का 29 सितम्बर 2014 को जब मशीन से बिल बनाया गया तो रीडिंग 95656 आई, लेकिन 16 अक्टूबर को जब दोबारा बिल बनाया गया तो रीडिंग 111504 दर्ज की गई।
16 दिनों में ही उपभोक्ता के मीटर में 15848 रीडिंग का फर्क पाया गया, जोकि संभव नहीं है। ऐसे में कामर्शियल डिवीजन पीएसपीसीएल मॉडल टाउन ने मीटर रीडर हरिंदर सिंह को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए कार्रवाई शुरू कर दी है। आफिसर काॅलोनी में जिस मीटर में गड़बड़ी हुई है, उसका मीटर रीडर हरिंदर सिंह है। हरिंदर सिंह ने अपनी मशीन से 27 सितम्बर को 106,968 रुपए का बिल बनाया था। बिल अधिक आने पर नाभा गेट स्थित पावरकॉम दफ्तर में जेई के अंडर में काम करते दाे मुलाजिम मीटर को नुकसान पहुंचाने के लिए पहुंच गए, जिन्हें ऐसा करते हुए एक साथ ही घर में रहने वाले कर्नल ने पकड़ लिया। कर्नल ने दोनों मुलाजिमों की फोटो भी ले ली। प्राथमिक जांच में डिपार्टमेंट ने मीटर रीडर को आरोपी मानते हुए उन्हें नोटिस थमा दिया।
मीटर रीडर ने कहा कि अधिकारी कहीं कहीं गड़बड़ी करने वाले मुलाजिमों को बचाने की कोशिश कर रहे हैं। क्योंकि जिन मुलाजिमों ने मीटर को जलाने की कोशिश की है, उनकी फोटो सहित फाइल बनाकर अधिकारियों को दी गई है, लेकिन इसके बावजूद भी उन्हें नोटिस भेजा गया है। हरिंदर सिंह ने बताया कि 27 सितम्बर को उन्होंने बिल काटा था, इसका भी उनके पास सबूत पड़ा है, जिसे वह आला अधिकारियों को दे चुके हैं।
}मॉडल टाउन दफ्तर ने दो दिन बाद ही बनाया साढ़े 10 हजार का बिल
एक कंज्यूमर के काटे अलग-अलग बिल
मुलाजिमोंकी गड़बड़ी फील्ड में ही नहीं बल्कि कामर्शियल डिवीजन पीएसपीसीएल मॉडल टाउन में भी की जा रही है। दफ्तर के मीटर रीडर हरिंदर सिंह ने 27 सितम्बर को जिस खाता नंबर 3000036517 का बिल 106,968 रुपए का बनाया उसी दफ्तर ने दो दिन बाद ही इसी खाते का बिल साढ़े 10 हजार बना दिया। दो दिन बाद डिपार्टमेंट द्वारा बनाए कम बिल संबंधी जानकारी देने के लिए डिपार्टमेंटल अधिकारी भी तैयार नहीं है।
चार मुलाजिमों को चार्जशीट
^मैनेजून 2014 में कामर्शियल डिवीजन पीएसपीसीएल मॉडल टाउन ज्वाइन किया था, तब से पेंडिंग केसों को निपटारे के आदेश जारी