भारत को मिलना चाहिए एशिया का नेतृत्व
अजमेर| राष्ट्रसमता स्वतंत्र मंच की ओर से रविवार को जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज के सभागार में प्रबुद्धजनों की उपस्थिति में मांग पत्र पर हस्ताक्षर कराते हुए मांग की गई कि संयुक्त राष्ट्र संघ की सुरक्षा परिषद में एशिया का नेतृत्व भारत जैसे शक्तिशाली देश को मिलना चाहिए। संगोष्ठी में मुख्य अतिथि पूर्व जिला सत्र न्यायाधीश आरके आंकोदिया ने कहा कि भारत सुरक्षा परिषद में वीटो पावर के साथ स्थाई सदस्यता का हकदार है।
समारोह की अध्यक्षता करते हुए कर्नल एनएल यादव ने कहा कि भारत को शक्तिशाली बनाने के लिए संयुक्त राष्ट्र संघ में समान विचारधारा वाले देशों को एक मंच पर लाकर एक जनमत तैयार करने का प्रयास भारत सरकार को करना चाहिए। मुख्य वक्ता प्राचार्य जेएलएन कॉलेज डॉ. अशोक कुमार चौधरी ने सार्क सांस्कृतिक समन्वय संगोष्ठी में कहा कि यदि सार्क राष्ट्र एक होकर मुक्त आर्थिक एवं सांस्कृतिक आदान प्रदान के माध्यम से मुक्त व्यापार करें तो हमारा सार्क गरीबी को दूर करने में सफल होगा। मंच प्रवक्ता एडवोकेट राजेश सरन शर्मा सचिव कुलदीप शर्मा ने भी विचार व्यक्त किए। समारोह में 71 प्रतिभाओं का समरसता सम्मान मेडल, शॉल, साफा, अभिनंदन पत्र देकर किया गया। संचालन मोनिका शर्मा ने किया। डॉ. संजीव जैन ने आभार व्यक्त किया।