शातिर दंपती ने झांसा देकर महिला को ठगा
शकुंतला काफी देर तक स्टेशन के बाहर ठग दंपती के लौटने का इंतजार करती रही लेकिन जब वह नहीं लौटे को ठगी का अंदेशा हुआ। शकुंतला ने परिवार के लोगों को सूचना दी। दोपहर तीन बजे वह परिवार के सदस्यों के साथ थाने पर पहुंची आैर आपबीती सुनाई। वारदात की जानकारी मिलते ही थानाप्रभारी रमेंद्र सिंह ने पुलिस दल को ठगों की तलाश में रवाना किया। पुलिस ने चप्पा-चप्पा छान मारा लेकिन ठगों का सुराग नहीं लगा।
ठगी की शिकार महिला।
भास्कर न्यूज | अजमेर
रेलवेस्टेशन के निकट शातिर ठग दंपती ने रविवार को एक महिला को ठगी का शिकार बनाया। ठगों ने महिला से कहा कि उनके घर में मौत हो गई है, हरिद्वार में अस्थि विसर्जन करने जाना है, मगर पैसे नहीं है। महिला उनके झांसे में गई आैर दस के नोटों की गड्डी के एवज में सोने के कान के टाॅप्स उन्हें दे दिए। बाद में जांचा तो नोटों की गड्डी नकली निकली। वारदात सुबह 9.30 बजे की है। लेकिन पुलिस के पास पीड़िता शिकायत दर्ज कराने दोपहर 3 बजे पहुंची। पुलिस ने शातिर ठगों को तलाश किया लेकिन नतीजा सिफर रहा।
क्लॉक टावर थाना पुलिस के मुताबिक कायस्थ मोहल्ला हीरा गली निवासी शकुंतला वर्मा ठगी की वारदात का शिकार हुई। शकुंतला सुबह महाराष्ट्र मंडल जाने के लिए घर से निकली थी। गांधी भवन के पास टेंपो का इंतजार करते समय दो युवक आैर एक महिला वहां पहुंचे।
उनमें से एक युवक ने महिला को अपनी प|ी बताते हुए कहा कि घर में मौत हो गई है आप थोड़ी मदद कर दो माताजी। उसने कहा कि हम अस्थि विसर्जन करने हरिद्वार जा रहे हैं, लेकिन वहां तक जाने के लिए टिकट के पैसे नहीं है। शकुंतला ने पैसे देने से इनकार कर दिया। ठग दंपती बातों में उलझाकर शकुंतला को रेलवे स्टेशन तक पैदल-पैदल ले आए। वहां एक चाय की दुकान पर दंपती ने कहा कि कान के टाॅप्स दे दो हम इन्हें गिरवी रखकर पैसे ले लेंगे। हरिद्वार से लौटने के बाद आपको टाॅप्स लौटा देंगे। शकुंतला ने इसके लिए भी मना कर दिया। तीसरी बार शातिर दंपती ने एक दस के नोट की गड्डी निकालकर शकुंतला को दिखाई आैर कहने लगे माताजी आप यह गड्डी रख लो आैर कान के टाॅप्स दे दो। हम टाप्स लेकर परिचित के पास जाएंगे, यदि उसने उधार पैसा दे दिया तो आपके टाॅप्स हाथोंहाथ लौटाकर नोटों की गड्डी वापस ले लेंगे। शकुंतला कुछ समझ नहीं सकी आैर उनकी बातों में आकर टाॅप्स खोलकर उन्हें थमा दिए।
^महिला