पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • कलेक्टर पहुंचीं जेएलएन अस्पताल, अव्यवस्था पर जताई नाराजगी

कलेक्टर पहुंचीं जेएलएन अस्पताल, अव्यवस्था पर जताई नाराजगी

6 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
बजट के लिए लिख कर दे प्रशासन

डॉ.मलिक ने कहा कि अस्पताल प्रशासन को यदि बजट की आवश्यकता है तो लिखकर दिया जाए, ताकि सरकार तक बात पहुंचाई जा सके। उल्लेखनीय है वित्त कमेटी की बैठक में सफाई के बजट में कटौती कर दी गई। जिसकी वजह से व्यवस्थाओं को बनाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

5अाैर स्वाइन फ्लू पॉजिटिव

जिलेमें स्वाइन फ्लू का असर बना हुआ है। मंगलवार को भी दस रोगियों को जेएलएन अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती करवाया गया है। इनमें पांच की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। वहीं 5 संदिग्ध भर्ती किए गए हैं।

मरीजों से ली जानकारी

कलेक्टरने अस्पताल में भर्ती मरीजों से निशुल्क दवा वितरण की जानकारी भी ली। भर्ती मरीजों ने बताया कि उन्हें यहां पर किसी प्रकार की परेशानी नहीं है। चिकित्सक भी समय पर जांच कर रहे हैं। दवाएं भी अस्पताल में ही मिल रही है।

वीडियोकॉन्फ्रेंसिंग से लेंगे जानकारी

डॉ.मलिक ने बताया कि जिले में बढ़ रहे स्वाइन फ्लू की जानकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए ली जाएगी। संबंधित क्षेत्र के एसडीएम, बीडीओ और चिकित्सा अधिकारी क्षेत्र में मिल रहे स्वाइन फ्लू रोगियों की जानकारी देंगे। उन्होंने कहा कि चिकित्सा विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि जिन क्षेत्रों में स्वाइन फ्लू पॉजिटिव रोगी मिले हैं, वहां नियमित सर्वे किया जाए।

मरीजोंको बेहतर सुविधा के लिए भामाशाह गोद लें वार्ड

एडीएमकिशाेर कुमार ने कहा कि संस्थाओं ने जिन वार्डों को गोद लिया, वहां पर रखरखाव साफ सफाई है। उन्होंने कहा कि शहर के भामाशाह आगे आएं और वार्ड को गोद लें। ताकि अस्पताल में आने वाले मरीजों को बेहतर सुविधा दी जा सके।

हैल्थ रिपोर्टर| अजमेर

जिलेमें बढ़ते स्वाइन फ्लू के मद्देनजर मंगलवार को कलेक्टर डॉ. आरुषि मलिक ने जेएलएन अस्पताल का निरीक्षण किया। उन्होंने एक घंटे तक व्यवस्थाओं को जांचा, लेकिन आइसोलेशन वार्ड का निरीक्षण नहीं किया। इस दौरान कई जगह अव्यवस्थाएं देख उन्होंने नाराजगी जाहिर की और सुधार के निर्देश दिए।

कलेक्टर डॉ. मलिक सुबह 11 बजे अस्पताल पहुंची। उनके साथ एडीएम प्रथम किशोर कुमार, एडीएम शहर हरफूल सिंह यादव, एसडीएम संजय माथुर भी थे। अधिकारियों ने आपातकालीन वार्ड, नवनिर्मित वृद्धजन वार्ड, गेस्ट्रोएंट्रोलॉजी वार्ड सहित फिमेल सर्जिकल, मेल सर्जिकल, सर्जिकल आईसीयू, मेडिकल वार्ड में भर्ती मरीजों से अस्पताल व्यवस्थाओं की जानकारी ली।

निरीक्षणमें व्यवस्थाओं की खुली पोल, सुधारने को कहा

अस्पतालके वार्डों में बने शौचालयों, वार्ड में सीलन और पंखों पर लगे जाले देख नाराजगी जाहिर करते हुए डॉ. मलिक ने कहा कि कार्मिकों की जिम्मेदारी तय की जाए। उन्होंने कहा कि कर्मचारी अधिकारी अपनी जिम्मेदारी से काम करें। पीडब्ल्यूडी के एईएन को निर्देश दिए कि अस्पताल में चल रहे कार्यों की जानकारी तत्काल उपलब्ध करवाई जाए। ये काम कब तक पूरे होंगे, इसका भी उल्लेख किया जाए।

जेएलएन अस्पताल का निरीक्षण करने के बाद लौटती कलेक्टर अन्य अफसर।