708 केएल केरोसिन का कोटा कम
अजमेर| रसदविभाग की अनुशंसा पर राज्य सरकार ने अजमेर जिले का कोटा 708 किलोलीटर कम कर दिया है। सरकार ने अजमेर का केरोसिन दूसरे जिले में आवंटित कर दिया है। अजमेर में केरोसिन कम होने की मुख्य वजह फर्जी राशन कार्डों का निरस्त होना है।
सरकार ने पिछले माह अजमेर जिले को 1680 केएल कोटा आवंटित किया था, लेकिन विभाग ने 972 केएल केरोसिन ही आवंटित किया था। रसद अधिकारी सुरेश सिंधी ने बचे हुए कोटे को सरकार को समर्पित कर दिया था। अजमेर के अलावा धौलपुर ने 96 और पाली ने 24 केएल केरोसिन समर्पित किया था। सरकार ने अजमेर रसद विभाग को फरवरी माह के लिए अब 972 केएल केरोसिन आवंटित किया है। वर्तमान में राशन कार्डों की सीडिंग का काम चल रहा है। इसकी वजह से शहरी क्षेत्र में जांच के दौरान 36 हजार से अधिक फर्जी राशन कार्ड निरस्त कर दिए गए। इसके अलावा जिनके पास गैस कनेक्शन था, उनका केरोसिन बंद कर दिया। शहरी क्षेत्र में ग्रामीण क्षेत्र की अपेक्षा अधिक केरोसिन का कोटा कम हुआ है। अभी ग्रामीण क्षेत्रों में पूर्व निर्धारित मात्रा में ही केरोसिन आवंटित किया जा रहा है। मालूम हो कि राशन कार्ड पर प्रति व्यक्ति चार लीटर केरोसिन दिया जाता है। विभाग सब्सिडी पर 17.50 रुपए प्रति लीटर के हिसाब से केरोसिन देता है, जबकि बाजार में इसकी कीमत 35 रुपए प्रति लीटर है। इस संबंध में रसद अधिकारी सुरेश सिंधी का कहना है कि सीडिंग के आधार पर काफी राशन कार्ड निरस्त किए गए हैं। इसके अलावा गैस कनेक्शन लेने वालों का कोटा भी कम कर दिया गया है। इसकी वजह से अजमेर का कोटा कम हुआ है।