अजमेर जिले में 72.87% ने दी परीक्षा
अजमेर जिले में 72.87% ने दी परीक्षा
पटवारी परीक्षा : फर्जी परीक्षार्थियों में आईआईटी छात्र भी, 11 गिरफ्तार
जयपुर/अजमेर/उदयपुर/भरतपुर/सवाई माधोपुर/| प्रदेशभरमें शनिवार को पटवारी परीक्षा शांतिपूर्वक संपन्न हो गई। अजमेर जिले में 72.87 प्रतिशत अभ्यर्थी प्रविष्ट हुए। हालांकि, कई जगह फर्जी परीक्षार्थियों को पकड़ा गया। फर्जी परीक्षार्थियों में एक आईआईटी रुड़की का भी छात्र है। पुलिस का दावा है कि परीक्षा के दौरान बिहार की एक गैंग सक्रिय थी, जिसने कई जगह पैसे लेकर फर्जी अभ्यर्थियों से परीक्षा दिलाई। पुलिस ने जयपुर, उदयपुर, भरतपुर, हिंडौन और सवाईमाधोपुर में कुल 11 आरोपियों को पकड़ा है। उदयपुर में सुखेर विट्टी इंटरनेशनल स्कूल से फर्जी परीक्षार्थी मनोज चौधरी, निवासी नागौर को पकड़ा। मनोज आईआईटी रुड़की में फाइनल ईयर का छात्र है।
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वहभीलवाड़ा के अवधेश की जगह परीक्षा देने पहंचा था। डीसीपी अंशुमान भौमिया ने बताया कि जयपुर के विद्याधर नगर में मयूर पब्लिक स्कूल में परीक्षा देते फर्जी परीक्षार्थी डीपी कुमार निवासी बिहार को गिरफ्तार किया गया। आरोपी ने परीक्षा देने के लिए मूल अभ्यर्थी आशाराम से 20 हजार रुपए लिए थे। वह परीक्षा देने फ्लाइट से जयपुर आया था। आशाराम और उसके साथी महेंद्र मीणा को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया।
हिंडौन में फर्जी परीक्षार्थी मुस्तफा निवासी हरियाणा उसके एक साथी को पकड़ा गया। आरोपियों ने मूल परीक्षार्थी अनिल कुमार से दो लाख रुपए में सौदा किया था। सवाईमाधोपुर में ब्राइटसन स्कूल से फर्जी परीक्षार्थी उत्तम कुमार निवासी बिहार को पकड़ा गया। वह मूल अभ्यर्थी गणेश की जगह परीक्षा दे रहा था। दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया है। भरतपुर में तीन अलग-अलग गैंग के तीन आरोपी गिरफ्तार। पहली कार्रवाई कुम्हेर के गांव बावैन में हुई। यहां कबूल जाट को तीन लाख रुपए में वाट्सअप पर प्रश्न पत्र उपलब्ध कराने का झांसा देने के आरोप में पकड़ा। वहीं कुम्हेर के रतन सिंह महिला कॉलेज में फर्जी परीक्षार्थी बिहार निवासी प्रिंस को पकड़ा। इसके अलावा भरतपुर के कोतवाली थाना क्षेत्र में एक परीक्षार्थी हेमराज मीणा को पुलिस ने पकड़ा। हेमराज के मोबाइल में वाट्सअप पर प्रश्न पत्र आंसर की मिली है। इसकी जांच की जा रही है।