अजमेर. तलावड़ा गांव में गुरुवार को भामाशाह शिविर में भीड़ बढ़ने पर एक कांस्टेबल ने आपा खो दिया। गर्भवती महिला के पेट पर लात मारी, बचाने पहुंची जिठानी धर्मबाई और पति पिंकू बैरवा से भी मारपीट की।
मारपीट से गर्भवती की हालत बिगड़ गई। तीनों घायल अस्पताल ले जाए गए। उधर कांस्टेबल खुशीराम ने तीनों के खिलाफ मारपीट की रिपोर्ट पहले दर्ज कराई। बयान के आधार पर गर्भवती की जिठानी की ओर से बाद में मामला दर्ज किया गया। घायल महिला रवीना ने बताया कि शिविर के दौरान मौके पर तैनात पुलिसकर्मी खुशीराम मीणा डाटा एंट्री के लिए ग्रामीणों को भेजने में भेदभाव कर रहा था।
वह सुबह से ही लाइन में लगी हुई थी लेकिन उसका नंबर नहीं आया। जब उसने इस बात का विरोध पुलिसकर्मी के समक्ष जताया तो खुशीराम ने लाइन से बाहर निकालकर उससे मारपीट कर दी। वह चार माह की गर्भवती थी इसके बावजूद सिपाही ने उसके पेट में लात मारी।