डेंगू का खतरा..
डेंगू का खतरा..
पिछलेदिनों घीकाका में गुड्डू चौधरी हरेन्द्र शर्मा को डेंगू की पुष्टि हो चुकी है। अब तक यहां पांच डेंगू रोगी मिल चुके हैं। वही कोटकासिम में बुखार से दो की मौत भी हो चुकी है।
सीएचसीमें डॉक्टर्स के नौ पद रिक्त : कोटकासिमसीएचसी में एकमात्र डॉक्टर कार्यरत है, जबकि यहां नौ पद रिक्त हैं। क्षेत्र में मौसमी बीमारी फैलने पर करीब साढ़े तीन सौ रोगी रोजाना सीएचसी पहुंच रहे हैं। यहां एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर डॉक्टर लगाने की मांग की जा चुकी है, लेकिन हालात नहीं सुधरे हैं।
तीननिजी अस्पतालों में लगातार रहे डेंगू रोगी : शहरके तीन निजी अस्पतालों में दो महीने में दो सौ से अधिक डेंगू रोगी पहुंच चुके हैं। सोलंकी हॉस्पिटल के निदेशक डॉ. जीएस सोलंकी के अनुसार दो महीने में डेंगू के करीब 50 रोगी चुके हैं। वहीं हरीश हॉस्पिटल के निदेशक डॉ. हरीश गुप्ता बताते हैं कि दो महीने में करीब डेढ़ सौ रोगी अस्पताल में इलाज करा चुके हैं। अब रोजाना तीन से चार मरीज रहे हैं। मित्तल हॉस्पिटल के डॉ. एस सी मित्तल का कहना है कि अस्पताल में 15 से बीस डेंगू के मरीज चुके हैं।
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