बांसवाड़ा. शहर के ठीकरिया रोड पर आकाशवाणी केंद्र के पास त्रिपुरा कॉलोनी में मंगलवार सुबह से ही 12 साल की दर्शनी अपनी मम्मी के घर आने का इंतजार कर रही थी। अपनी नानी निर्मलादेवी से बार-बार मम्मी के बारे में पूछती रहती। साथ में खाना खाने के लिए, उन्होंने पहले से सारी तैयारियां कर रखी थी। मम्मी तो घर नहीं लौट पाई, लेकिन उनकी मौत की खबर गई।
दर्शनी के मौसा और मौसी ने घर आकर यह सूचना दी। जिससे बूढ़ी मां और मासूम दर्शनी भौचक्के रह गए। इनकी आंखों में धीरे-धीरे आंसुओं की धारा बहती रही। पूरे घर में मरघटी सन्नाटा पसर गया। उसकी मम्मी सुमन (35) की कार मंगलवार को पिंडवाड़ा (सिरोही) के पास फोरलेन पर दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिसमें उसकी मौत हो गई।
वह अपने परिचित परिवार के साथ माउंट आबू के एक स्कूल में बेटी का एडमिशन कराने के उद्देश्य से गई थी। रविवार को सुबह 7 बजे सुमन बांसवाड़ा से उदयपुर के लिए अपने 3 साल के बच्चे चर्चित के साथ रवाना हुई थी।
बेटी दर्शना और मां निर्मलादेवी को भी साथ जाना था, लेकिन वे नहीं जा पाई। मंगलवार को माउंट आबू से उन्हें बांसवाड़ा लौटना था। हादसे में सुमन की सांसें थम गई, जबकि मासूम चर्चित को कुछ मामूली चोटें आई है।
3 साल पहले ही मकान बनाया था
दुर्घटना में मृतक सुमन की मां निर्मला देवी ने बताया कि सुमन कालाखूंटा गांव के सरकारी स्कूल में टीचर थी। पिछले 7 सालों से अपने पति से तलाक के बाद वह बांसवाड़ा में रह रही थी। 3 साल पहले ही उसने त्रिपुरा कॉलोनी में अपना मकान बनाया था। जहां उसकी मां निर्मला देवी, बेटी दर्शनी और 3 साल का बेटा चर्चित रहते थे।
चर्चित आलोक स्कूल में पढ़ाई करता है। दर्शनी न्यू लुक स्कूल में कक्षा 6 में पढ़ रही है। वहीं दूसरी ओर त्रिपुरा कॉलोनी में खबर मिलते ही गमगमीन माहौल रहा। आसपास के घर वाले ढांढस बंधाने पहुंचे।