शहर के पहले पिरामिड की नींव रखी, 3 माह में बनेगा
भास्कर संवाददाता | बांसवाड़ा
बसंतपंचमी पर साईं बाबा मंदिर में बनने वाले साईं ध्यान एवं आध्यात्मिक केंद्र पिरामिड का समारोहपूर्वक शिलान्यास किया।
मंदिर ट्रस्ट के संस्थापक अध्यक्ष हर्ष कोठारी, सचिव आरके गर्ग ने बताया कि ट्रस्ट की ओर से राजस्थान और करीबी राज्यों में यह पहला विशेष निर्माण कार्य होगा, जो ध्यान, आराधना और आध्यात्म का प्रमुख केंद्र बनेगा। साथ ही यह पिरामिड आध्यात्मिक पर्यटन को भी बढ़ावा देने में सहायक सिद्ध होगा। बेंगलुरू से आए तकनीकी निदेशक पीएसआर प्रसाद ने पिरामिड की तकनीकी जानकारी दी।
सुबह 6.30 बजे गणेश पूजन यजमान नगेंद्र कुमार दोसी चावलवाला ने किया। यजमान लक्ष्मणदास सोतानी ने पं. डॉ. मुरलीधर पंड्या के आचार्यत्व में यज्ञ किया। शाम 4 बजे श्रीसाईं पालकी की शोभायात्रा निकाली गई, जो टायनी टोट्स स्कूल परिसर होती हुई पुन: मंदिर पहुंची।
शोभायात्रा के दौरान सुनील मंगलानी श्रीसांईबाबा की मूर्ति सिर पर धारण किए हुए थे। इस दौरान निर्मला चेलावत, र|ा अय्यर, लायनेस क्लब की सचिव संतोष गुप्ता साथ रही। शाम को सामूहिक आरती के बाद शाम 6.30 बजे गायक और बांसुरी वादक सुनील शर्मा, शिक्षा शर्मा ने भजनों की प्रभावी प्रस्तुतियां दी। उन्होंने दीवाना तेरा आया साईं तेरी नगरी में, मेरे घर के आगे, छम छम नाचे वीर हनुमाना, दीवाना राधे का आदि भजन प्रस्तुत किए। भजन संध्या के दौरान एचएस भाटिया, न्यू लुक शिक्षण संस्थान के निदेशक प्रदीप कोठारी, फेब्रिक बांसवाड़ा सिंटेक्स के वाइस प्रेसीडेंट एसके धर, शैलेंद्र वोरा, आरके अय्यर, र|ा अय्यर, ट्रस्ट के संरक्षक जगदीश भंभानी, धरणीधर पंड्या, कांतिलाल पटेल मौजूद थे। भजन संध्या का संचालन डॉ. दीपक द्विवेदी ने किया।
आभार सचिव आरके गर्ग ने जताया। इस अवसर पर श्रीसाईं मंदिर परिसर में आकर्षक ढंग से रंगबिरंगी रोशनी की गई थी।
बसंत पंचमी पर साईं मंदिर में हुई भजन संध्या में मौजूद गणमान्य नागरिक।