मानवाधिकार के बारे में बताया
बीकानेर | मानवअधिकार प्रकोष्ठ की ओर से गुरुवार को युवा विकास केन्द्र में ‘शैक्षणिक संस्थाओं में मानव अधिकारों की भूमिका’ विषय पर व्याख्यान का आयोजन किया गया। प्रकोष्ठ प्रभारी डॉ. बजरंग सिंह राठौड़ ने विषय प्रवर्तन करते हुए शैक्षणिक संस्थाओं में मानव अधिकारों को सुनिश्चित करने एवं शैक्षणिक वातावरण में छात्रों की रचनात्मक भूमिका पर प्रकाश डाला। विधि कॉलेज की वरिष्ठ व्याख्याता डॉ. विभा ने मानवाधिकार के बारे में जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि मानव अधिकार के अभाव में गरिमा को प्राप्त नहीं किया जा सकता। समाज में प्रत्येक कार्य की गरिमा होती है। मानवाधिकारों के संरक्षण की आवश्यकता जताते हुए उन्होंने कहा कि ये संविधान से प्राप्त हुए है। यदि इनका उल्लंघन होता है तो मानवाधिकार आयोग इस पर कार्रवाई कर सकता है। डॉ. विभा ने छात्रों द्वारा पूछे गए प्रश्नों के संतोषजनक उत्तर दिए।