स्टेशन के गेट नंबर दो पर अब 24 घंटे मिलेगा जनरल टिकट
भास्कर संवाददाता | चित्तौड़गढ़
रेलवेप्रशासन ने यात्री सुविधा खासकर जनरल टिकट विंडो पर लगने वाली लंबी कतारों को कम करने के लिए दो माह पूर्व चित्तौड़गढ़ में भी दो काइन ऑटोमेटिक टिकट वेंडिंग मशीनें (केएटीवीएम) पहुंचाई थी। इसके दो माह बाद गुरुवार को गेट नंबर दो पर लगी एक मशीन चालू कर दी गई। अब यात्री अपने हाथ से टिकट बनाकर ट्रेन में सफर कर सकेंगे।
रतलाम मंडल मुख्यालय ने दिसंबर में चित्तौड़गढ़ जंक्शन स्टेशन के मुख्य प्रवेश द्वार तथा गेट नंबर दो के विंडो पर एक-एक मशीन लगवाने के लिए पहुंचाई। इसके बाद मंडल अधिकारियों ने मशीनों की सुध नहीं ली और लकड़ी के ताबूत में यह मशीनें बंद रहीं। दैनिक भास्कर ने 31 जनवरी को “टिकट मशीनें डेढ़ माह बाद भी चालू नहीं’ शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया। इसके बाद अधिकारियों ने यह मशीनें मंगलवार को लकड़ी के ताबूत से बाहर निकलवाईं तथा गुरुवार दोपहर तीन बजे से गेट नंबर दो पर एक मशीन शुरू कर दी। अब यात्रियों को गेट नंबर दो पर 24 घंटे जनरल टिकट की सुविधा मिल जाएगी। इससे पहले यात्रियों को इस विंडो से सुबह 6 से रात 10 बजे तक ही जनरल टिकट मिलते थे। यात्रियों को टिकट के लिए मुख्य गेट की टिकट विंडो पर दौड़ लगाना पड़ती थी। गुरुवार को केएटीवीएम मशीन से संगीता दुग्गड़ ने दलौदा का टिकट प्राप्त किया। इससे पहले मुंबई से आए इंजीनियर गौरव ने एसआर छपरीबंद, सिराज खान, गोवर्धन सिंह चुंडावत, सुषमा अहीर को मशीन संचालन की ट्रेनिंग दी। इस अवसर पर सुनील यादव, आरपीएफ के चांदमल चंदेल टिकट बुकिंग स्टाफ उपस्थित था। रेलवे ने इस मशीन का टेंडर जिस ठेकेदार के नाम जारी किया है उसे अभी स्मार्ट कार्ड नहीं मिला है। इसके कारण अभी अगले दो दिन रेल प्रशासन ही इस मशीन का संचालन करेगा।
चित्तौड़गढ़ | केएटीवीएममशीन संचालन का स्टाफ को प्रशिक्षण देते इंजीिनयर।
31 जनवरी को प्रकाशित समाचार
सुविधा : स्टेशनपर दो माह से लकड़ी के ताबूत में बंद दो केएटीवीएम मशीन में से एक का संचालन शुरू, यात्री अपने हाथ से बना सकेंगे जनरल टिकट