वक्ताओं ने कहा कि आरपीएमटी परीक्षा के नाम पर भी गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं। वक्ताओं ने आरोप लगाते हुए कहा कि जोधपुर विश्वविद्यालय में शिक्षक भर्ती घोटाला तथा प्रीबीएड प्री एसटीसी परीक्षाओं की चार वर्षों तक ऑडिट होना बड़े पैमाने पर हुए भ्रष्टाचार की तरफ संकेत कर रहा हैं।
एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने स्वास्थ्य विश्वविद्यालय के कुलपति तथा परीक्षा नियंत्रक को बरखास्त कर उनके विरुद्घ मुकदमा दर्ज करवाने, स्कूल शिक्षा उच्च शिक्षा में रिक्त पड़े पदों को भरने, जोधपुर विश्वविद्यालय में शिक्षक भर्ती में हुए घोटाले के आरोपियों को गिरफ्तार करवाने, कोटा तकनीकी विश्वविद्यालय में हो रही धांधलियों की उच्च स्तरीय जांच करवाने, समाज कल्याण छात्रवृति को पारदर्शी नियमित करवाने, जोधपुर विश्वविद्यालय द्वारा पिछले चार वर्षों से करवाई जा रही प्री बीएड परीक्षा की ऑडिट करवाने,
शिक्षक दिवस पर अतिरिक्त मुख्य सचिव द्वारा शिक्षकों तथा राजस्थान की प्रतिभाओं को अपमानित की जाने वाले बयान के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की। ज्ञापन देने वालों में प्रशांत सिहाग, निशांत शर्मा, नासिर खां, सागर शर्मा, विपिन सुथार, रोहित, चंद्रभान, सुधीर सहारण आदि शामिल थे।