जयपुर में करवाई लिगामेंट सर्जरी
अफगानिस्ताननिवासी अब्दुल्ला दो साल से लिगामेंट चोट की वजह से चल-फिर नहीं पा रहे थे। उन्होंने लिगामेंट सर्जरी पेशावर और अफगानिस्तान में भी करवाई, लेकिन फिर भी वे चलने-फिरने में असमर्थ थे। तभी उनकी मुलाकात अफगानिस्तान की किक्रेट बी टीम के खिलाड़ी इमरान से मुलाकात हुई। इमरान ने उन्हें जयपुर में लिगामेंट सर्जरी करवाने की सलाह दी। फिर वे अफगान से सर्जरी के लिए जयपुर आए।
फोर्टिस एस्कॉर्ट्स हॉस्पिटल के स्पोर्ट्स इंजरी एक्सपर्ट डॉ. विक्रम शर्मा ने बताया कि अब्दुल्ला को बाएं घुटने में पत्थर उठाते वक्त चोट लगी थी। लिगामेंट टूटने के कारण उनका चलना-फिरना मुश्किल हो गया था। रिलीफ नहीं मिलने पर वे पेशावर गए। वहां पर एक स्क्रू निकाल दिया, लेकिन लिगामेंट ठीक नहीं किया। वे पूरी तरह से बिस्तर पर गए। तभी अफगानी क्रिकेटर इमरान ने उन्हें जयपुर में सर्जरी करवाने की सलाह दी। जब वे सर्जरी के लिए जयपुर आए तब उनके पास सर्जरी के डॉक्यूमेंट नहीं थे। स्क्रू होने के कारण एमआरआई नहीं हो सकती थी। अनुमान से ग्राफ्ट लगाकर सर्जरी की। स्क्रू निकाला गया। सर्जरी सफल रही। लेजर टेक्निक से सर्जरी रिवाइज्ड सर्जरी में ब्लीडिंग की संभावना ज्यादा रहती है। लेजर टेक्निक का उपयोग किए जाने पर ब्लीडिंग कम हुई। रिकवरी जल्द हुई।