मेरो मन राम ही राम रटे रे
जवाहरकला केंद्र की गुरुवारीय संगीत सभा में इस बार भक्ति संगीत पेश किया गया। इस मौके पर करौली के युवा शास्त्रीय गायक कलाकार राधेश्याम शर्मा ने तुलसी, मीरा, मंजू केसी बांके बिहारी रचित भजनों की उम्दा प्रस्तुति देकर श्रोताओं को भक्ति रस से सराबोर कर दिया।
कार्यक्रम का प्रारंभ कलाकार ने तुलसीदास की रचना ‘‘गाइये गणपति जग वंदन से किया। इसके बाद इन्होंने मीरा के भजन ‘मेरो मन राम ही राम रटे रे...’ ‘राम नाम रस पीजे...’ की प्रस्तुति दी। अगली कड़ी में कलाकार ने तुलसी दास की रचना ‘ऐसो को उदार जग माही...’ की मन भावन प्रस्तुति दी। इन्होंने रूप कुंवरि की रचना ‘रसना क्यो ना राम रस पीती...’ मंजू केसी की रचना ‘जनहित राम धरत शरीर’ की प्रस्तुति ने श्रोताओं की वाह-वाही लूटी। इनके साथ बांसुरी पर बाबूलाल शर्मा, सितार-हरिहर शरण भट्ट और तबले पर उदय शंकर ने संगत की।