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दो बार हारे नेता नहीं होंगे कांग्रेस की प्रदेश टीम में

7 वर्ष पहले
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यह रखे गए हैं मापदंड

प्रदेशकांग्रेस ने अपने नए संगठनात्मक ढांचे की घोषणा जल्द करने की तैयारी कर ली है। लोकसभा चुनाव के बाद से ही प्रदेश कार्यकारिणी की घोषणा को लेकर प्रतीक्षा की जा रही है। निकाय चुनाव से पहले ही इन नामों की घोषणा की जाएगी। चूंकि नवंबर में निकाय चुनाव होने हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि चुनाव के लिए अक्टूबर में लगने वाली आचार संहिता से पहले ही कार्यकारिणी घोषित कर दी जाएगी। सूत्रों के अनुसार कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष सचिन पायलट ने कार्यकारिणी में को अंतिम रूप दे दिया है।

इसलिएहुई देरी : विधानसभाचुनाव के बाद सचिन पायलट को प्रदेशाध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। इसके कुछ दिन बाद ही लोकसभा और फिर विधानसभा के उपचुनाव हुए। इस कालांश में प्रदेशभर में पार्टी के कई कार्यक्रम हुए। इस कारण कार्यकारिणी का गठन नहीं हो पाया। साथ ही बड़ा कारण यह भी बताया जा रहा है कि पायलट ने इन कार्यक्रमों, धरने-प्रदर्शनों, यूथ कांग्रेस एनएसयूआई के मौजूदा पूर्व पदाधिकारियों के कार्यक्रमों के माध्यम से ऐसे कार्यकर्ताओं की तलाश करने की कोशिश की, जिनमें संगठन के लिए काम का माद्दा हो। पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं काे अलग-अलग तरह से जिम्मेदारी देकर उनकी संगठन क्षमता की खोजने की कोशिश की। इन सबसे पायलट के सामने बड़ी संख्या में नए चेहरे भी सामने गए।

पायलट ने नई कार्यकारिणी को तय करने के कई मापदंडों का निर्धारण किया है। इनमें निश्चित रूप से युवाओं को सबसे ज्यादा मौका दिया जाना है। साथ ही विधानसभा चुनाव से लेकर अन्य सभी चुनावों और धरने-प्रदर्शन, कार्यक्रमों में क्षमता दिखाने वालों को कार्यकारिणी में जगह दी जाएगी। बार-बार हारे नेताओं को इस कार्यकारिणी से अलग रखा जा सकता है। ऐसे कार्यकर्ताओं की तलाश भी की गई है, जिन्होंने लंबे समय से पार्टी के लिए काम किया है, लेकिन उनकी प्रदेश कार्यकारिणी में उपेक्षा होती रही है। इन सबके बीच प्रदेश कार्यकारिणी में सोशल इंजीनियरिंग, भौगोलिक सामाजिक स्थितियों का भी ध्यान रखा गया है।

इननामों को लेकर चर्चा

प्रदेशकार्यकारिणी में प्रदेशभर से नाम तय किए गए हैं। इनमें मुरारी मीणा, जीआर खटाना, पुखराज पाराशर, दीपेंद्र सिंह शेखावत, उदयलाल आंजना, महेंद्र सिंह, सुरेश चौधरी, रूपेश कांत व्यास, पवन गोदारा, संयम लोढ़ा, खानू खां बुधवाली, डॉ. अर्चना शर्मा, साबो मीण