जयपुर। राजस्थान नॉलेज कॉरपोरेशन लिमिटेड (आरकेसीएल) और वर्धमान महावीर ओपन यूनिवर्सिटी (वीएमओयू) की ओर से रविवार को आरएस-सीआईटी की परीक्षा दोपहर 1 से 2 बजे की पारी में हुई। इसमें उन अभ्यर्थियों को परीक्षा से वंचित किया गया, जिनके परीक्षा प्रवेश पत्रों पर फोटो और साइन नहीं थे।
अब ऐसे अभ्यर्थियों की अलग से परीक्षा होगी, जिसकी तिथि जल्द घोषित होगी। जयपुर में ऐसे अभ्यर्थियों की संख्या करीब तीन हजार और प्रदेश में करीब छह हजार है। वीएमओयू के कुलपति प्रो. विनय पाठक ने बताया कि जयपुर में 50 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी, जबकि प्रदेशभर में 1100 सेंटर्स पर तीन लाख से अधिक अभ्यर्थियों ने यह परीक्षा दी।
परीक्षा में 90 प्रतिशत उपस्थिति दर्ज की गई। फोटो और साइन जिन प्रवेश पत्रों पर नहीं थे, ऐसे छह हजार से अधिक अभ्यर्थियों को परीक्षा से वंचित किया गया। गौरतलब है कि भास्कर ने 12 मई को खबर छापकर अवगत कराया था कि सैकड़ों ऐसे अभ्यर्थी हैं, जिनके प्रवेश पत्रों में फोटो और साइन की जगह खाली है। ये प्रवेश पत्र ऑनलाइन जारी हुए थे।
जगतपुरा में साधना पब्लिक स्कूल में 200 परीक्षार्थियों की क्षमता थी, लेकिन वीएमओयू ने 700 अभ्यर्थी आवंटित किए थे। ऐसा होने से स्कूल प्रबंधन ने छत पर बिठाकर परीक्षा करा दी। यहां सामूहिक नकल का मामला सामना आने पर परीक्षा को रद्द कर दिया गया। स्कूल के परीक्षा संयोजक महेश कुमार ने बताया कि इस संबंध में वीएमओयू को शिकायत की थी लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
फोटो की जगह खाली का मतलब गड़बड़ी से
जयपुर में सैकड़ों की संख्या में ऐसे परीक्षा प्रवेश पत्र ऑनलाइन जनरेट हुए थे, जिनमें अभ्यर्थियों की फोटो और साइन ही गायब है। तकनीकी एक्सपर्ट्स की मानें तो ऐसा इसलिए संभव हो सका है क्योंकि कुछ ज्ञान केंद्रों की ओर से जो ऑनलाइन आवेदन फार्म अभ्यर्थियों की ओर से भरे गए थे, उस समय कई अभ्यर्थियों के फोटो और साइन के स्थान पर खाली कागज स्कैन किया गया होगा या खाली सफेद कागज की फोटो खींचकर अपलोड की गई होगी।
इस कारण से प्रवेश पत्र में फोटो और साइन का स्थान रिक्त रह गया है। वीएमओयू के कुलपति प्रो. विनय पाठक का कहना है कि परीक्षा आवेदन संबंधी समस्त प्रक्रिया आरकेसीएल के जिम्मे थी, इसलिए इन सबके लिए वे ही जिम्मेदार है।
नौकरी में कैसे करेंगे आवेदन
प्रो. विनय पाठक का कहना है कि इन छह हजार अभ्यर्थियों के लिए जल्द ही परीक्षा होगी। इसकी तिथि जल्द घोषित होगी। दरअसल 2 जून से पहले इन अभ्यर्थियों को सरकारी नौकरियों के लिए सर्टिफिकेट पेश करने हैं। ऐसे में यूनिवर्सिटी कोशिश करेगी कि मई के अंत तक परीक्षा करा सर्टिफिकेट जारी करें।