जयपुर। राजस्थान नॉलेज कॉरपोरेशन लिमिटेड (आरकेसीएल) की ओर से आरएस-सीआईटी की रविवार को होने वाली परीक्षा संदेह के घेरे में है। वर्धमान महावीर ओपन यूनिवर्सिटी (वीएमओयू), कोटा की ओर से होने वाली इस परीक्षा के सैकड़ों प्रवेश पत्रों में कई खामियां हैं।
ये खामियां इस तरह की हैं, जिनमें कोई दूसरा व्यक्ति परीक्षा दे सकता है। उधर वीएमओयू के कुलपति ने इन खामियों को गड़बड़ी का आधार मानते हुए देर रात को आठ परीक्षा केंद्रों की परीक्षाएं स्थगित कर दीं, साथ ही छह परीक्षा केंद्र परिवर्तित कर दिए।
वीएमओयू के इस निर्णय का तीन हजार अभ्यर्थियों पर असर पड़ेगा। जयपुर जिले में 54 हजार अभ्यर्थी हैं और प्रदेशभर में तीन लाख अभ्यर्थी रविवार दोपहर 1 से 2 बजे की पारी में यह परीक्षा देंगे। आरएस-सीआईटी परीक्षा इसलिए महत्वपूर्ण है कि आरकेसीएल ही सरकारी नौकरियों के लिए कंप्यूटर ज्ञान का प्रमाण पत्र देती है।
पंचायती राज विभाग सहित लगभग सभी सरकारी महकमों में हाल ही भर्ती निकली है, जिनमें यह प्रमाण पत्र होना अनिवार्य है। वहीं दूसरी तरफ आरकेसीएल के अधिकारियों का कहना है कि परीक्षार्थियों के सरकारी पहचान पत्र देखने के बाद ही परीक्षा में शामिल किया जाएगा जबकि वीएमओयू के कुलपति ने माना कि परीक्षा प्रवेश पत्रों में गड़बड़ियों की शिकायत मिली है लेकिन परीक्षा आवेदन संबंधी समस्त प्रक्रिया आरकेसीएल के जिम्मे थी, इसलिए इन सबके लिए वह ही जिम्मेदार है।
इन केंद्रों पर आज नहीं होगी परीक्षा
राजस्थान सीनियर सेकंडरी स्कूल दुर्गापुरा, स्वीट रेड रोज सीनियर सेकंडरी स्कूल हीरापुरा, महाराजा विनायक कॉलेज आगरा रोड, केशव पब्लिक सीनियर सेकंडरी स्कूल, जगदंबा कॉलोनी, जेम्स इंडियन स्कूल, महेश नगर, तिलक सेकंडरी स्कूल मानसरोवर, सेंट जोसेफ एकेडमी स्कूल, टोंक फाटक जयपुर, सेंट सोनम सेकंडरी स्कूल गोनेर रोड, राज लक्ष्मी आईटी एंड पीजी कॉलेज फागी की परीक्षाएं स्थगित की गई है।
परीक्षा की नई तिथि जल्द घोषित की जाएगी। कुलपति प्रो. विनय कुमार पाठक ने बताया कि आरकेसीएल के अध्यक्ष श्रीमत पांडे ने इन ज्ञान केंद्रों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इन केंद्रों पर कार्रवाई के संबंध में निर्णय सोमवार को होगा।
ये हैं कमियां, जिसने उठाए सवाल
जयपुर में सैकड़ों परीक्षा प्रवेश पत्र ऑनलाइन जेनरेट हुए, जिनमें अभ्यर्थियों की फोटो और साइन गायब हैं। एक्सपर्ट्स के अनुसार कुछ ज्ञान केंद्रों पर ऑनलाइन आवेदन करते समय अभ्यर्थियों ने फोटो और साइन के स्थान पर खाली कागज स्कैन किया होगा।
प्रवेश पत्र में पिता का नाम और अभ्यर्थी की उम्र मेंशन नहीं। इससे अभ्यर्थियों को अंदेशा है कि नकली परीक्षार्थी परीक्षा दे सकता है।
वीएमओयू के कुलपति को कुछ अभ्यर्थियों ने ऐसी वीडियो क्लिप की जानकारी दी है, जिसमें कुछ निजी कॉलेज वाले परीक्षा में उत्तीर्ण कराने का आश्वासन दे रहे हैं, इसकी पुष्टि कुलपति डॉ. विनय पाठक ने की।
इन कंप्यूटर ज्ञान केंद्रों को दोषी माना
वीएमओयू की ओर से जारी विज्ञप्ति के अनुसार जयपुर के ज्ञान केंद्रों में (कम्प्यूटर ज्ञान केंद्र, जीवा सेवा समिति, नीफा, माया टेक्नोवेयर, कृष्णा आईटी ज्ञान केंद्र) ने पंजीकृत विद्यार्थियों के फोटो एवं हस्ताक्षर अनुक्रमांक सूचियों में नहीं दर्शाए।
आरकेसीएल ने ऐसा किया, हमने अलर्ट किया
वीएमओयू के कुलपति प्रो. विनय पाठक का कहना है कि परीक्षा में गड़बड़ी की आशंका के संबंध में एक प्रतिनिधिमंडल ने उसने संपर्क किया। इस मामले में आरकेसीएल जिम्मेवार है। आरकेसीएल ने ही आवेदन फार्म स्वीकार किए थे। आवेदन फार्म में उम्र और पिता का नाम भी मेंशन नहीं होने के लिए यूनिवर्सिटी का कोई लेना-देना नहीं।
यूनिवर्सिटी का काम केवल परीक्षा कराना है। बहरहाल इस मामले में पुलिस से विशेष सहयोग लिया जा रहा है। साथ ही सभी परीक्षा केंद्रों पर सूचना भेजी गई है कि सरकारी पहचान पत्र की पुष्टि होने के बाद ही परीक्षा में बैठने दिया जाए।