बयाना/बैर/नदबई/भरतपुर। भाजपा प्रदेशाध्यक्ष वसुंधराराजे ने कहा कि हमारा प्रदेश पूरे देश में बेरोजगारी में पहले नंबर पर आ गया। सचिवालय में चतुर्थ श्रेणी के 350 पदों के लिए करीब डेढ़ लाख बेरोजगारों के आवेदन इस सरकार में रोजगार देने के झूठे दावों की पोल खोलने के लिए पर्याप्त है। सुराज यात्रा के तीसरे चरण की समाप्ति के दिन रविवार को भरतपुर जिले के बयाना, बैर, नदबई की सभाओं में उन्होंने कहा कि साढ़े चार साल तक सरकार कुंभकर्णी नींद में सोई रही। हर साल भर्तियां करती तो बेरोजगारों की इतनी लंबी कतार नहीं लगती। अब चुनाव आ गए हैं, इसलिए मामूली भर्तियां निकाल कर ये दिखावा कर रही है।
मुख्यमंत्री ने चार साल तक आम बेरोजगारों को नौकरियां नहीं दीं। अपने रिश्तेदारों को जोधपुर के जयनारायण विश्वविद्यालय में पिछले दरवाजे से जरूर नियुक्तियां दे दीं। सोनिया गांधी के दामाद रॉबर्ट वाड्रा को किसानों की जमीन सस्ते दामों में बिकवा दीं। चार साल से पूरी की पूरी सरकार हाथ धोकर मेरे पीछे पड़ी है। कमीशन बिठा दिया। पुलिस, सीबीआई और सीआईडी की धौंस दिखाकर डराने की कोशिश की।
अकेली मुझे ही नहीं मेरे बेटे को भी परेशान किया, लेकिन ये नहीं जानते कि मैं डरने वाली नहीं हूं। कांग्रेस समझती है कि मुस्लिम और एससी-एसटी के मतदाता उससे बंधे हुए हैं। कांग्रेस समझ ले, ये भी स्वाभिमानी समाज हैं, जो किसी से नहीं अपनी इज्जत और सम्मान से बंधे हैं।
..तो गहलोत ने क्यों नहीं लिखाई एफआईआर : भाजपा
किसानों का पैसा लूटकर लंदन, मॉरीशस और मुंबई भेजने के मामले में भाजपा ने कहा कि मु़ख्यमंत्री ने अभी तक मुकदमा दर्ज क्यों नहीं कराया? 8 साल से गहलोत यह बात बोलते आ रहे हैं। भाजपा ने चुनौती दी कि अगर वसुंधराराजे के खिलाफ लगाए गए आरोपों में दम है तो गहलोत इन तथ्यों को अब तक छिपाने के जुर्म में खुद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराएं।
भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता कैलाशनाथ भट्ट ने रविवार को जारी एक बयान में कहा कि गहलोत झूठ बोल रहे हैं। गहलोत झूठ बोलकर प्रदेश की पहली महिला मुख्यमंत्री को अपमानित कर रहे हैं।
प्रधानमंत्री से मांगा इस्तीफा
दो कैबिनेट मंत्रियों से इस्तीफा लिए जाने के मामले में भाजपा ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह में थोड़ी सी भी शर्म बची हो तो किसी के हाथ की कठपुतली बनने की बजाय पद से त्यागपत्र दे देना चाहिए। जिस सरकार के कार्यकाल में भ्रष्टाचार, घोटाले, घूसखोरी और दलाली के आरोपों में उनके मंत्रियों को जेल जाना पड़ा हो और जिन्हें आरोपों के प्रथम दृष्टया सही होने पर त्याग-पत्र देना पड़ा हो, ऐसी सरकार को एक क्षण भी शासन करने का अधिकार नहीं। इसलिए भाजपा प्रधानमंत्री से तुरंत त्याग-पत्र की मांग करती है।
बयाना में दिखाए काले झंडे
बयाना में वसुंधराराजे ने कहा कि कांग्रेस नहीं चाहती कि गुर्जरों को आरक्षण मिले। सभा में वसुंधराराजे का स्वागत किया जा रहा था, तभी गुर्जर समाज के कुछ युवाओं ने काले झंडे दिखाए। नेतृत्व गुर्जर आरक्षण संघर्ष समिति (युवा) के जिलाध्यक्ष डोडी राम गुर्जर कर रहे थे। बाद में स्थानीय लोगों और पुलिस ने समझा बुझाकर इन लोगों को शांत किया। इस दौरान कुछ देर के लिए हंगामे की स्थिति बनी रही।