जयपुर/ टोडाभीम/ करौली। भाजपा अध्यक्ष वसुंधरा राजे ने सुराज यात्रा के दौरान बुधवार को टोडाभीम और करौली की सभा में प्रदेश में विकास, गोपालगढ़ फायरिंग में मौत और कांग्रेस के मंत्रियों के सरकार के खिलाफ बयान को लेकर गहलोत सरकार को कठघरे में खड़ा करने की कोशिश की।
उन्होंने कहा कि आजादी के 65 साल बाद भी राजस्थान के करीब 40 लाख घरों में बिजली के कनेक्शन नहीं है। आज भी चिमनी से अपने घरों में उजाला करते हैं। कांग्रेस ने इन 50 सालों में प्रदेश का नहीं, खुद का विकास किया है। लोगों को लूटा है और अपनी जेबें भरी है।
सुराज संकल्प यात्रा के दौरान हुई सभा में टोडाभीम में वसुंधरा राजे ने ने कहा कि कांग्रेस ने गरीब को गरीब ही रखा। कभी उसके उत्थान के बारे में नहीं सोचा। गरीबों के नाम पर बनाई गई योजना का असली मकसद खुद का घर भरने का रहा।
ऐसी सरकार को बने रहने का कोई हक नहीं
वसुंधरा ने कहा कि राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष वजाहत हबीबउल्ला ने साफ- साफ कहा कि गोपालगढ़ कांड में सरकार ने अपने ही लोगों पर गोलियां चलवाई। आयोग जिस सरकार को दोषी मान रहा है, उसे सत्ता में रहने का हक नहीं है।
मंत्री बता रहे हैं जीरो
वसुंधरा राजे ने कहा कि सरकार के नुमाइंदे ही सरकार को जीरो बता रहे हैं। अल्पसंख्यक मामलात मंत्री अमीन खां ने एक कार्यक्रम में कहा कि 15 सूत्रीय कार्यक्रम में राजस्थान सरकार ग्राउंड लेवल पर जीरो है।
किसी का हक नहीं छीनेंगे
वसुंधरा राजे ने कहा कि लोग भ्रम फैला रहे हैं कि हम आरक्षण में किसी का हक छिनेंगे। उन्होंने कहा कि हमने मौजूदा आरक्षण से छेड़छाड़ किए बिना ही गुर्जर सहित पिछड़ा वर्ग को 5 प्रतिशत और आर्थिक रूप से पिछड़े हुए लोगों को 14 प्रतिशत आरक्षण देने का फैसला लिया था। जिसे ये सरकार 9वीं अनुसूची में डलवाती तो इसका सभी को फायदा होता। सरकार के दो केंद्रीय मंत्री नमोनारायण मीणा और सचिन पायल केंद्र के प्रतिनिधित्व कर रहे हैं, वे भी आरक्षण विधेयक 2008 को 9वीं अनुसूची में डलवाते तो अच्छा रहता।