झुंझुनूं. जिले के दोरासर गांव में जमीन आबंटित होने के बावजूद स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी खुलने में देरी अब रोष का कारण बन रही है। इसके गांव के युवा आंदोलन शुरू करेंगे। रविवार को पीर बाबा खेल मैदान में ग्रामीणों ने बैठक की। पूर्व सरपंच केसरदेव की अध्यक्षता में हुई बैठक में यूनिवर्सिटी के लिए जनआंदोलन शुरू करने का निर्णय किया गया।
बैठक में जगदीशप्रसाद वर्मा ने कहा कि सरकार बदलने के साथ ही स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी का काम ठप सा हो गया है। राज्य सरकार ने 2014 से यहां पर दाखिले शुरू करने की घोषणा की थी लेकिन अब तक आबंटित की गई जगह पर कोई हलचल नहीं है।
अगर स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी को झुंझुनूं जिले में ही रखना है लोगों को एकजुट होकर आंदोलन करना होगा। गांव-गांव में जाकर लोगों को जागरूक करना होगा। उन्होंने जिले के युवाओं का आह्वान किया कि वे सप्ताह में कम से एक दिन आंदोलन में सहयोग करें। यूनिवर्सिटी खुलने से यहां के युवाओं के लिए रोजगार के साधन उपलब्ध होंगे।
विकास जाखड़ ने कहा कि स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी युवाओं का भविष्य है। इसके लिए कॉलेज स्कूलों में जनसंपर्क करेंगे और आंदोलन शुरू करेंगे। कलेक्ट्रेट पर धरना भी देंगे। इस दौरान उप सरपंच महेंद्र महला, कप्तान गुरुदयाल महला, रामनारायण महला, रामावतार, सुनील महला, सरदाराराम, प्रभाति, कुरड़ाराम झाझड़िया, सुमेर, सोनू सैनी, सीताराम आदि लोग उपस्थित थे।
अगली बैठक 21 सितंबर को
गांव में 21 सितंबर को पीर बाबा खेल मैदान में ही सुबह 11 बजे बैठक होगी। इसके लिए सुनील कुमार, बुधराम, राजेश लाठर, विनोद सैनी, दशरथसिंह शेखावत, द्वारकाप्रसाद सैनी, अजीत ढेवा, मनोहर जांगिड़ आदि युवा घर-घर जाकर लोगों से जनसंपर्क करेंगे।