सीपीआर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
जोधपुर | स्टेटबैंक ऑफ इंडिया के कर्मचारियों उपभोक्ताओं के लिए सीपीआर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें सीपीआर जागरूकता की मुहिम चला रहे शैलेष तातेड़ ने कहा कि सडन कार्डिक अरेस्ट से मृत व्यक्ति को दुबारा जीवित करने का एकमात्र तरीका सीपीआर ही है। उन्होंने कहा कि सडन कार्डिक अरेस्ट बिना किसी चेतावनी के कहीं भी किसी को भी हो सकता है। यदि आम आदमी सीपीआर के प्रति जागरूक और प्रशिक्षित हो जाए तो सडन कार्डिक अरेस्ट में मृत व्यक्ति के फिर से जीवित होने के प्रतिशत में अप्रत्याशित वृद्धि हो सकती है।