- Hindi News
- जैसलमेर घूमने आई विदेशी महिला पर्यटक की स्वाइन फ्लू से मौत
जैसलमेर घूमने आई विदेशी महिला पर्यटक की स्वाइन फ्लू से मौत
टूर को-ऑर्डिनेटर : एक फेफड़ा ही काम कर रहा था एनी का
लोम्बार्टकेयर के टूर को-आॅिर्डनेटर लवकुश के अनुसार स्विट्जरलैंड और इटली के 32 पर्यटकों का ग्रुप भ्रमण पर आया था। इनमें स्विस महिला ऐनी मैरी भी शामिल थी। उसके परिजनों से हुई बातचीत में सामने आया है कि 22 साल की उम्र में एक दुर्घटना में उसके फेफड़े चोटिल हो गए थे। तब से वह एक ही फेफड़े पर जी रही थी। उसे रेस्पिरेटरी की दिक्कत थी।
पर्यटन विभाग : गाइड लाइन नहीं
पर्यटनविभाग के पास विदेशी पर्यटकों में स्वाइन फ्लू को लेकर कोई गाइड लाइन नहीं है। ही विभाग को उच्च स्तर से कोई दिशा-निर्देश है। हालांकि पर्यटन विभाग स्थानीय स्तर पर जागरूक जरूर कर रहा है। महिला की मौत के बाद विदेशी पर्यटक भी सावचेती बरत रहे हैं।
हेल्थ रिपोर्टर | जोधपुर
स्वाइनफ्लू से गुरुवार को एक विदेशी महिला पर्यटक की मौत हो गई। स्विट्जरलैंड निवासी यह महिला एनी मैरी (70) बत्तीस लोगों के ग्रुप के साथ भारत घूमने आई थी।
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के निदेशक (पब्लिक हेल्थ) डॉ. बीआर मीणा ने बताया कि किसी विदेशी पर्यटक के भारत में स्वाइन फ्लू से जोधपुर में मरने का पहला केस है। जैसलमेर में हालत बिगड़ने पर उसे बुधवार रात को ही जोधपुर लाया गया और एमडीएम अस्पताल में भर्ती करवाया गया था। उसे वेंटिलेटर पर रखा गया था, लेकिन गुरुवार सुबह उसने दम तोड़ दिया। जांच में उसकी रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई। शेषपेज | 8
स्विट्जरलैंडदूतावास को इसकी जानकारी भेजी गई है। मारवाड़ में स्वाइन फ्लू का प्रकोप वर्ष 2009 से शुरू हुआ। उसके बाद से अब तक इस बीमारी से पहली बार किसी विदेशी की मौत हुई है।
वहीं अन्य मृतकाओं में दो प्रसूताएं भी है, तिलवासनी जोधपुर की सुमन (22) की मृत्यु बुधवार को हुई और पीपाड़सिटी की सुमन (21) की गुरुवार को हुई है। एमजीएच में भर्ती दोनों के हाल ही में डिलेवरी हुई थी। दोनों के नवजात बेटियां है। गुरुवार को हुई मृत्यु एमडीएमएच में भर्ती चौखा जोधपुर निवासी 26 वर्षीय हंसराज, एमजीएच में भर्ती नागौर जिले के दादरी निवासी 45 वर्षीय सीता और एमडीएमएच में भर्ती ब्यावर अजमेर निवासी 45 वर्षीय रहमान है। एमजीएच में भर्ती गांधी कॉलोनी पाली निवासी गर्भवती फुली (30) और नागौर के डीडवाना निवासी चैनाराम (36) की मृत्यु हुई बुधवार को हुई है। इन दोनों के पॉजिटिव की रिपोर्ट मरने के बाद गुरुवार को आई है। गुरुवार रात तक 84 नमूनों की जांच रिपोर्ट में 41 पॉजिटिव पाए गए। मेडिकल कॉलेज डेजर्ट मेडिसिन रिसर्च सेंटर (डीएमआरसी) दिल्ली की निजी लैब से 115 सैंपलों की रिपोर्ट आनी शेष हैं।
पांचसाल पहले जैसे हालात
स्वाइनफ्लू के कहर का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि महज 42 दिनों में 266 लोग इस बीमारी की चपेट में चुके हैं। इनमें से 34 की मौत हो चुकी है। इतनी तीव्रता सितंबर 2009 में स्वाइन फ्लू के पहली बार प्रकोप के दौरान थी। उस दौरान चार माह में 546 पॉजिटिव मामले सामने आए थे, जिनमें 67 की मौत हुई थी।
जागरूकताके नाम पर खानापूर्ति :
स्वाइन फ्लू से बचाव के लिए सबसे जरूरी लोगों में जागरूकता होना है, लेकिन इस बार इसको लेकर कोई प्रयास नजर नहीं रहे हैं। शहर में इक्का-दुक्का जगह पर ही पोस्टर चस्पां हैं। बस स्टैंड, एयरपोर्ट रेलवे स्टेशन पर स्क्रीनिंग नहीं हो रही है। प्रशासन हर दिन मेडिकल कॉलेज में बैठक लेकर खानापूर्ति जरूर पूरी कर रहा है।
पर्यटन विभाग के पास गाइड लाइन नहीं, पर्यटन प्रभावित होने की आशंका :
विदेशी पर्यटक जब भी भारत आते हैं तो उनका हेल्थ चैकअप होता है, लेकिन पर्यटकों के संबंध में स्वाइन फ्लू को लेकर स्थानीय स्तर पर कोई गाइड लाइन नहीं मिली है, हम अपने स्तर पर जागरूक करते हैं। स्वाइन फ्लू से स्विट्जरलैंड की महिला की मौत की सूचना मिली है। इससे पयर्टन प्रभावित होने की आशंका है। हालांकि अभी किसी तरह की बुकिंग रद्द होने की सूचना नहीं है, मार्च तक टूरिस्ट सीजन है।
-विकास पंड्या, उपनिदेशक, पर्यटन विभाग, जोधपुर
----
दूतावास ही करेगा आगे का निर्णय :
स्वाइन फ्लू पॉजिटिव स्विस महिला की उपचार के दौरान मौत हो गई। डॉक्टरों की ओर से जुटाई जानकारी के अनुसार उसे पहले लंग कैंसर भी था। पुलिस को जानकारी दे दी है। पुलिस स्विस दूतावास से जानकारी जुटाएंगी। उनकी सूचना पर शव का पोस्टमार्टम होगा। उसके बाद बॉडी को एम्बाइलिंग कर भेजा जाएगा।
-डॉ. दीपक वर्मा, अधीक्षक, एमडीएमएच