जोधपुर.भदवासिया, मदेरणा कॉलोनी में रहने वाली 16 साल की जशोदा बाल विवाह का दर्द झेल रही है। तीन साल पहले उसकी शादी कर दी गई थी। अब उसे व उसके घरवालों को ससुराल वाले धमकी दे रहे हैं कि इस आखातीज को जशोदा को ससुराल नहीं भेजा तो उसे जबरदस्ती उठा ले जाएंगे और परिवार को दस लाख रुपए का दंड भुगतने के साथ समाज से दरबदर कर दिया जाएगा।
समाज के पंच भी पीड़ित परिवार की मदद करने की बजाय बाल विवाह स्वीकार करने की पैरवी कर रहे हैं। डरे-सहमे परिवार ने इस्तगासे के जरिए महामंदिर थाने में रिपोर्ट दर्ज करा पुलिस से भी मदद मांगी, लेकिन पुलिस ने धमकाने वालों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की, उलटे पीड़ित परिवार पर ही राजीनामे के लिए दबाव डाल रही है।
बाल विवाह रोकने के लिए सरकार कड़े कदम उठा रही है। सामाजिक संगठन भी बाल विवाह रोकने की बात कहते हैं, लेकिन सच्चई कुछ और ही है। जशोदा के मामले ने प्रशासन से लेकर पुलिस और समाज पर सवाल खड़े कर दिए हैं।