जोधपुर. वकीलों की हड़ताल के दौरान स्टांप रिपोर्टर शाखा में घुस कर फाइलें फाड़ने के मामले में राजस्थान हाईकोर्ट एडवोकेट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष रणजीत जोशी सहित तीन पदाधिकारियों के विरुद्ध अवमानना कार्रवाई में अब तीन नवंबर को सुनवाई होगी। हाईकोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश सुनील अंबवानी और न्यायाधीश गोविंद माथुर की खंडपीठ के समक्ष सोमवार को सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट के पदाधिकारियों की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ता ने अपना पक्ष रखने के लिए समय देने का आग्रह किया। खंडपीठ ने इसे स्वीकार करते हुए अगली सुनवाई तीन नवंबर को तय कर दी।
गौरतलब है कि गत तीन सितंबर को कुछ वकीलों ने स्टांप रिपोर्टर शाखा में घुस कर कुछ फाइलें उठा ली और उन्हें फाड़ दिया। कुछ सील भी उठा कर ले गए। इस पर रजिस्ट्रार बलदेव चौधरी और डिप्टी रजिस्ट्रार राजीव चौधरी की रिपोर्ट पर हाईकोर्ट ने एडवोकेट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष रणजीत जोशी, उपाध्यक्ष रतनाराम ठोलिया व महासचिव धर्मेंद्र सुराणा के खिलाफ स्वप्रेरणा से प्रसंज्ञान लेते हुए अवमानना की कार्यवाही के नोटिस जारी किए थे।
विधि सचिव व महाधिवक्ता हाईकोर्ट में पेश : हड़ताल के दौरान सरकारी वकीलों के कोर्ट में उपस्थिति नहीं देने के मामले में विधि सचिव प्रकाश गुप्ता तथा महाधिवक्ता एनएम लोढ़ा सोमवार को हाईकोर्ट के जस्टिस संगीत लोढ़ा के समक्ष पेश हुए। इस मामले में अब अगली सुनवाई 27 अक्टूबर को होगी।