(अस्पताल में जीवन से जंग लड़ती पीड़िता।)
जोधपुर. अपना 55 साल के अधेड़ के साथ हुआ बाल विवाह निरस्त करवाने के लिए एक साल से अदालत के चक्कर काटकर परेशान एक किशोरी ने मंगलवार को नींद की गोलियां खाकर जान देने का प्रयास किया।
समय रहते परिजन उसे एमजीएच ले आए, जिससे उसकी जान बच गई। घर पर मिले सुसाइड नोट में उसने न्याय मिलने में हो रही देरी व पति की धमकियों से परेशान होकर खुदकुशी करने की बात लिखी।
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