जोधपुर.सरकारी स्कूलों की आठवीं कक्षा में उच्च स्थान प्राप्त करने वाले बच्चे भी अब पूरी हाईटेक हो जाएंगे। उनके हाथ में टैबलेट पीसी होगा। राजीव गांधी डिजिटल विद्यार्थी योजना के तहत मंगलवार को सूचना केंद्र के मिनी ऑडिटोरियम में आयोजित समारोह में केंद्रीय संस्कृति मंत्री चंद्रेश कुमारी ने टैबलेट पीसी खरीदने के लिए बच्चों को चेक प्रदान किए। इनमें आठवीं कक्षा में दूसरे से ग्यारहवें स्थान पर रहने वाले बच्चे शामिल हैं। वहीं प्रथम स्थान पर रहने वाले दस बच्चों को लैपटॉप के लिए सर्टिफिकेट दिए गए।
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की बजट घोषणा के अनुसार राजीव गांधी डिजिटल विद्यार्थी योजना के चेक वितरण समारोह में मुख्य अतिथि संस्कृति मंत्री ने कहा कि बच्चों को लेपटॉप देकर उन्हें सूचना तकनीकी से जोड़ जा रहा है। मुख्यमंत्री गहलोत का यह सराहनीय निर्णय हैं। अध्यक्षता कर रहीं जिला प्रमुख दुर्गादेवी बलाई ने कहा कि गांवों में आईटी सेंटर खोले गए हैं, जिसका लाभ लोगों को मिलेगा। समारोह में संभागीय आयुक्त हेमंत गेरा ने कहा कि राजस्थान में नए युग की शुरुआत हुई है। कलेक्टर गौरव गोयल ने कहा कि 21वीं सदी सूचना एवं ज्ञान की शताब्दी है। इसमें तकनीक का ज्ञान व उपयोग जरूरी है। प्रारंभ में जिला शिक्षा अधिकारी प्रेमचंद सांखला ने योजना की जानकारी दी।
बच्चे पसंद का पीसी टैबलेट ले सकें, इसलिए चेक बांटे
राज्य सरकार की ओर से राजीव गांधी डिजिटल विद्यार्थी योजना के तहत मेधावी विद्यार्थियों को पीसी टैबलेट देने की बजाय चेक देने के मामले में चंद्रेश कुमारी का कहना था कि इससे विद्यार्थी अपनी पसंद का टैबलेट ले सकेंगे। अभी बाजार में कई विकल्प हैं। मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सेवा योजनाओं की तरह शिक्षा के क्षेत्र में अच्छा कार्य हो रहा है। इस योजना से विद्यार्थी आईटी से जुड़ेंगे।