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भिखारी बनकर जी लेना, लेकिन अपराध नहीं करना
कोटा| सुधासागर महाराज ने कहा कि जीवन में भिखारी बनकर जी लेना, लेकिन अपराध नहीं करना। वे बसंतविहार जैन मंदिर में रविवार को प्रवचन दे रहे थे। उन्होंने कहा कि व्यक्ति अपनी इच्छाओं का ध्यान करते-करते अपना जीवन बर्बाद कर देता है, किंतु इच्छाएं पूरी नहीं होती। उन्होंने कहा कि कभी ऐसा अपराध मत करना कि आपको कानून के हाथों प्रताड़ित होना पड़े। दुनिया से मांग लेना किंतु मां-बाप से कुछ मत मांगना, आपका जीवन धन्य हो जाएगा।