पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • Local
  • Rajasthan
  • Kota
  • मंडी में कब्जा छोड़ने को तैयार नहीं आढ़तिए चेयरमैन ने बैठक बुलाई तो तीन जने ही पहुंचे

मंडी में कब्जा छोड़ने को तैयार नहीं आढ़तिए चेयरमैन ने बैठक बुलाई तो तीन जने ही पहुंचे

5 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
थोकफल-सब्जी मंडी में हो रहे अतिक्रमण के मुद्दे पर बुधवार को मंडी समिति चेयरमैन ने बैठक बुलाई। इसमें 150 में से मात्र तीन आढ़तिए भी मुश्किल से पहुंचे। उनमें भी एक मंडी समिति के डायरेक्टर एवं एक कोटा थोक फ्रूट वेजीटेबल मर्चेन्ट संघ के वरिष्ठ उपाध्यक्ष और एक आढ़तिया शामिल थे। ऐसे में व्यापारी कैसे अतिक्रमण हटाने मंे सहयोग करेंगे, जो मीटिंग में नहीं पहुंच रहे हैं। गौरतलब है भास्कर ने सब्जीमंडी में व्यापारियों के अतिक्रमण से हो रही किसानों की परेशानी को उजागर किया था। इसमें बताया था कि व्यापारी सरकारी जमीन पर कब्जा कर उसे किराए पर देते हैं।

चेयरमैन मालव जाम की स्थिति से निपटने के लिए सबसे पहले दुकानों के आगे बैठे रिटेलरों को हटाने के पक्ष में थे। वे बैठक में समझाइश करते, लेकिन 3 व्यापारियों के आने के बाद वे भी केवल नोटिस देने की बात कह रहे हैं।

उन्होंने बताया कि मंडी में आढ़तियों ने अपनी दुकानों के आगे की जमीन किराए पर दे रखी है। यह जमीन सरकारी है, जिसका किराया खुद ही वसूल रहे हैं। उन्होंने बताया कि इतना ही नहीं कुछ ने तो बाकायदा दुकान छोड़कर बीच सड़क पर कांटे लगाकर अपना कारोबार चला रखा है। उनके नाम लाइसेंस की दुकानें भी किराए पर दे रखी है। इतना सब होने के बावजूद ये आए दिन मंडी में जाम लगने की शिकायत करते हैं। उन्होंने बताया कि बैठक में आए कोटा थोक फ्रूट वेजीटेबल मर्चेन्ट संघ के पदाधिकारियों ने इतना जरूर कहा कि इस मामले में मंडी समिति सीधे ऐसे व्यापारियों को नोटिस जारी करे। यूनियन को भी इस मामले में लिख कर दें। इसके बाद भी यदि कोई इसमें सहयोग नहीं करे तो मंडी समिति अपने स्तर पर कार्रवाई करें। चेयरमैन का कहना है कि अब मंडी समिति इस मामले में जल्दी ही नोटिस जारी करने की कार्रवाई करेगी।

खबरें और भी हैं...