मां दो बेटियों को लील गया तालाब
सिणलीजागीर ग्राम पंचायत के राजस्व ग्राम कीतपाला में मंगलवार को तालाब में डूबने से विवाहिता सहित उसकी दो मासूम बेटियों की जान चली गई। इस घटना से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। उल्लेखनीय है कि गत दो माह में सिणली जागीर ग्राम पंचायत क्षेत्र में पानी में डूबकर मरने की यह तीसरी घटना है।
पुलिस के अनुसार इस घटना को लेकर विवाहिता के देवर पुलिस को बताया कि उसकी भाभी मंजूदेवी (32) महिला नौ माह की पुत्री शाखा को गोद में लिए तालाब किनारे पानी पी रही थी, तभी पांव फिसलने से वह पानी में गिर गई और डूबने लगी। उसे बचाने के लिए बाहर खड़ी उसकी पांच वर्षीय बच्ची धारू भी तालाब में गिर गई और तीनों की डूबने से मौत हो गई। पुलिस ने मामले की तफ्तीश शुरू की है।
जानकारी के अनुसार मंजूदेवी मंगलवार को सुबह करीब 10.30 बजे अपनी पांच साल की पुत्री धारू 9 माह की पुत्री शाखा को लेकर घर से रवाना हुई। कीतपाला से करीब एक किलोमीटर कितपाला-कालूड़ी मार्ग पर स्थित नाडी पर पहुंचकर वह अपनी दोनों बेटियों के साथ गहरे पानी में उतर गई। तालाब के कीचड़ में फंसने पानी में डूबने से इन तीनों की मौत हो गई। घटना की जानकारी तब मिली, जब वहां आस-पास बकरियां चरा रहे बालकों ने उन्हें देखा। बच्चों चिल्लाकर ग्रामीणों को घटना की जानकारी दी। सूचना मिलने पर काफी संख्या में वहां ग्रामीण एकत्रित हो गए। कीचड़ में महिला के चप्पलों की निशानी पर तैराकों ने तालाब में प्रवेश कर करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद तीनों मृतकों के शव बाहर निकाले। सूचना मिलने पर मौके पर बालोतरा डीएसपी अमृत जीनगर, जसोल नायब तहसीलदार भागीरथ विश्नोई, सब इंस्पेक्टर देवाराम, पटवारी शैतानसिंह महेचा, सरपंच भीमाराम, नाकोड़ा चौकी प्रभारी चेलाराम आदि पहुंचे। शव निकालने के बाद मेडिकल टीम ने मौके पर ही शवों का पोस्टमार्टम किया। पुलिस ने मृतकों के शव परिजनों को सुपुर्द किए।
पूरेगांव में मातम
इसघटना के बाद पूरे गांव में मातम का माहौल बन गया। परिजनों के तो आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे थे। ग्रामीणों ने बताया कि मृतका का पति भट्टाराम भील पानी के टैंकर परिवहन कार्य के लिए काम पर गया हुआ था। घटना की जानकारी मिलने पर वह घर पहुंचा तो प|ी दो बेटियों के शव आंगन में रखे मिले।
विकलांगबेटी को घर छोड़ा
ग्रामीणोंसे मिली जानकारी के अनुसार मृतका विवाहिता मंजूदेवी के तीन पुत