खनिज विभाग निरस्त करेगा 3 हजार फाइलें
नएखनिज अधिनियम में हुए बदलाव के अनुसार मेजर मिनरल की 12 जनवरी, 2015 से पहले की पेंडिंग सभी फाइलों को निरस्त किया जाएगा। इस संबंध में अतिरिक्त निदेशक (खान मुख्यालय) ने 10 फरवरी को आदेश जारी किए हैं। स्थानीय ऑफिस को आदेश मिलते ही उन्होंने ऐसी फाइलों की सूची बनाना शुरू कर दिया है। जिले में मेजर मिनरल की करीब तीन हजार फाइलें पेंडिंग हैं।
एसएमई पीआर आमेटा ने बताया कि सभी फाइलों को 28 फरवरी से पहले निरस्त करना है। इस काम में लापरवाही पर माइनिंग इंजीनियर के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। खदानों के आवंटन में पहले आओ-पहले पाओ योजना खत्म कर दी गई है। नए नियमानुसार अब खदानों का आवंटन नीलामी के आधार पर किया जाएगा। गौरतलब है कि पिछले महीने सरकार ने नया अधिनियम जारी किया था।
सभी खनन पट्टों की लीज होगी 50 साल की
मेजरमिनरल के सभी खनन पट्टों की समयावधि भी अब 50 साल की जाएगी। अब तक खनन पट्टे का आवंटन 30 साल की लीज पर होता है लेकिन अब 50 साल के लिए लीज की जाएगी। मंगलवार को मिले आदेश के अनुसार जिन पट्टों की 30 साल की लीज है उन्हें 50 साल किया जाएगा। लीज के 50 साल पूरे होने के बाद खनन पट्टा निरस्त कर दिया जाएगा। एसएमई आमेटा ने बताया कि जिले में मेजर मिनरल के ऐसे 731 खनन पट्टे हैं जिनकी समयावधि बढ़ाकर 50 साल करनी है।
आयरन ओर, जिंक की फाइलें होगी निरस्त
जिलेमें मेजर मिनरल की आयरन ओर, जिंक सहित कई तरह की खदानों की फाइलें पेंडिंग चल रही है। अब इन्हें निरस्त किया जाएगा। समोडी, दरीबा बनेड़ा एरिया में आयरन ओर की कई फाइलें लगी हुई हैं लेकिन अब ये सभी फाइलें निरस्त होने से सभी को नए सिरे से आवेदन करना पड़ेगा। आवेदन के बाद भी उनका फैसला लॉटरी के माध्यम से ही होगा।
अबनए एरिया में नीलामी से मिलेगी खदानें
जिलेकी तीन हजार फाइलें निरस्त होने के बाद खनिज विभाग एरिया चिह्नित करेगा। इसके लिए आवेदन मांगे जाएंगे और इन आवेदनों की लॉटरी निकाली जाएगी। लॉटरी में नियमानुसार अलग-अलग कैटेगरी के अनुसार आवेदकों को आरक्षण भी दिया जाएगा। नए एरिया अब चिह्नित किए जाएंगे। इसके लिए खनिज विभाग पहले सर्वे भी करवाएगा।