- Hindi News
- वार्ड पंच से लेकर प्रधान और जिला प्रमुख के अहम हैं अधिकार
वार्ड पंच से लेकर प्रधान और जिला प्रमुख के अहम हैं अधिकार
किशनगंज. पंचायत समिति के नवनिर्वाचित उपप्रधान रामहेत मीणा ने मंगलवार को आधा दर्जन से अधिक गांवों का दौरा कर लोगो का आभार जताया। इस दौरान लोगों ने मीणा का स्वागत किया। मीणा ने झागर, रेलावन, जीत का टापरा, झोपड़ियां समेत कई गांवों का दौरा कर लोगों का आभार जताया। मीणा ने कहा की क्षेत्र के हर वर्ग की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के साथ करेंगे। बडी़ समस्याओं से उच्चाधिकारियों को अवगत कराएंगे। वह हर समय लोगों के बीच रहकर उनकी समस्याओं को दूर करने का प्रयास करेंगे। इस दौरान मीणा के साथ रेलावन क्षेत्र के कई कार्यकर्ता पदाधिकारी मोजूद थे। वार्ड 25 के नवनिर्वाचित जिलापरिषद सदस्य मनोज चौधरी ने एक दर्जन से भी अधिक गांवों का दौरा कर लोगों का आभार जताया। इस दौरान लोगों ने चौधरी का जगह-जगह स्वागत किया गया। चौधरी ने लोगों से क्षेत्र का विकास करने का भरोसा भी दिलाया। चौधरी ने सकरावदा, बमोरी, खेरूना, गोबरचा, ठूंगनी समेत कई गांवों का दौरा किया। इस दौरान चौधरी के साथ पंचायत समिति सदस्य रीना मीणा, अजय चौधरी, बाबू भाई, दीदार अली समेत कई पदाधिकारी थे।
वार्ड पंच: बैठकभत्ता - 200 रुपए मासिक। (प्रत्येक 15 दिन में बैठक होती है।)
अधिकार- ग्रामसभा में समस्या आवश्यकता बताएगा। निलंबन वार्ड सभा से ही संभव। कलेक्टर दो तिहाई बहुमत से पुष्टि करेंगे।
शक्तियां- सरपंचउपसरपंच का अविश्वास प्रस्ताव ला सकते हैं। सरपंच का निलंबन संभागीय आयुक्त से ही संभव।
उपसरपंच: बैठकभत्ता 200 रुपए मासिक (प्रत्येक 15 दिन में बैठक होती है।)
शक्तियां- सरपंचकी अनुपस्थिति में हर शक्तियों का पालन, पद रिक्त होने या अनुपस्थिति में सभी शक्तियों का उपयोग करना।
सरपंच: मानदेय- 3500 रुपए प्रति माह।
बैठक- सालमें दो ग्राम सभा और हर 15 दिन में पंचायत की बैठक करेंगे।
अधिकार- आबादीभूमि नीलाम कर सकेंगे। अतिक्रमण पर कार्रवाई और कुर्की वारंट जारी कर संपत्ति नीलाम कर वसूली कर सकेंगे।
काम- सफाई,रोशनी, पानी सप्लाई की व्यवस्था। बीपीएल का चयन, विधवा, विकलांग अन्य पेंशन दिलाना।
पंचायतसमिति सदस्य: 350रुपए मासिक बैठक भत्ता।
अधिकार- पंचायतक्षेत्र की समस्या उठा सकते हैं।
शक्तियां- प्रधानउपप्रधान के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव ला सकते हैं।
उपप्रधान: बैठकभत्ता-350 रुपए प्रति माह।
शक्तियां- प्रधानकी अनुपस्थिति में बैठक की अध्यक्षता करेंगे। उनकी शक्तियों का उपयोग कर सकेंगे।
प्रधान:मानदेय6000 रुपए प्रतिमाह
बैठक- हरमहीने एक बैठक बुलाएंगे और अध्यक्षता करेंगे।
अधिकार- स्वैच्छिकसंगठन विकसित कर सहयोग देंगे। सरपंचों, पंचायत समिति सदस्यों में समंवय कराएंगे। सरपंचों की बैठक बुला सकेंगे।
काम- पेयजल,बिजली, सिंचाई, पशु, फसल और मानव रोग से निपटने बैठक लेंगे। पंचायत की दुकानें नीलाम या किराए दे सकेंगे। हड्डी आदि के ठेके देंगे और पशु मेले आयोजित करेंगे।
जिपसदस्य- बैठकभत्ता 500 रुपए प्रतिमाह।
अधिकार- जिलेकी समस्या उठा सकते हैं।
शक्तियां- जिलाप्रमुख उप जिला प्रमुख के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव ला सकते हैं।
उपजिलाप्रमुख- बैठकभत्ता 500 रुपए
जिला प्रमुख की अनुपस्थिति, पद रिक्त होने पर परिषद बैठकों की अध्यक्षता।
जिलाप्रमुख - मानदेय7 हजार 500 रुपए प्रतिमाह।
बैठक- तीनमाह में कम से कम एक बैठक।
अधिकार- सीईओऔर डीईओ के साथ प्रशासनिक नियंत्रण करेंगे। निर्देश दे सकेंगे।
काम- आपदामें किसी एक साल एक लाख तक तुरंत सहायता दे सकेंगे। सीईओ की सालाना रिपोर्ट निदेशक को भेजेंगे। चारागाह, बंजर भूमि और रिक्त भूमि का प्रबंध पंचायत को सौंपेंगे। उच्च प्राथमिक स्कूलों की स्थापना, ग्रामीण सड़कें भवन बनवाएंगे।
भास्कर न्यूज. बारां
जिलेमें पंचायतराज चुनाव की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। अब ग्राम पंचायतों से लेकर पंचायत समितियों और जिला परिषद में कामकाज रफ्तार पकड़ेगा। इसमें नए बने वार्ड पंच, पंचायत समिति सदस्यों सहित अन्य प्रमुख पदों पर बैठे जनप्रतिनिधियों को काम प्रारंभ करना है। इसमें वार्ड पंचों से लेकर जिला प्रमुख को क्या-क्या अधिकार हैं और कितना भत्ता मिलता है। इसकी जानकारी लेंगे। पंचायतराज के चुनाव पूरे हो चुके हैं। ग्राम पंचायतों से लेकर पंचायत समिति और जिला परिषदों में निर्वाचन हो चुका है। पंचायत चुनाव में इस बार महिलाओं की भागीदारी भी बढ़ी है। जिला परिषद के लिए चुने गए 25 सदस्यों में से 12 महिलाएं हैं। वहीं 221 में से 108 महिलाओंं को सरपंच बनने का मौका मिला है। वहीं 117 पंचायत समिति सदस्यों में आधी महिलाएं हैं। इतना ही नहीं जिले में प्रधानों के सात में से तीन पद महिलाओं के लिए आरक्षित थे। इसके मुकाबले चार जगह महिला प्रधान बनी है। वहीं सात में से दो जगह महिला उपप्रधान भी बनी हैं।