नई ग्राम पंचायतों के पास नहीं है भवन
राज्यसरकार ने नई पंचायतों का गठन तो कर दिया, लेकिन ग्राम पंचायत में सरपंच एवं सचिवों के बैठने के लिए कोई भवन की व्यवस्था नहीं की गई है। ऐसे में कई सरपंचों ने भवन के अभाव में विद्यालयों में ही अपना-अपना कार्यभार संभाला है। गौरतलब है कि उप तहसील क्षेत्र में दयेरी को नई ग्राम पंचायत बनाया गया है।
पूर्व में हिनौता ग्रापं में बनाया गया अटल सेवा केंद्र को मुख्यालय पर नहीं बनाकर उसे चैकी गांव में बनाया गया। अब चैकी गांव को दयेरी ग्राम पंचायत में जोड़ दिया गया है। इससे हिनौता ग्रापं में बना केंद्र अब दयेरी ग्रापं में जाने के बाद हिनौता पंचायत के लिए सरपंच एवं सचिव को बैठने के लिए कोई जगह नहीं है। ऐसे में ग्रापं हिनौता के सरपंच जयवीर सिंह पोसवाल ने सोमवार को अपना कार्यभार राजकीय प्राथमिक विद्यालय में कार्यभार संभाला है।
ग्राम पंचायत बीलपुर, ग्रापं फिरोजपुर में सामुदायिक भवन में नव नियुक्त सरपंचों ने कार्यभार संभाला है। नगला हरलाल में राजकीय प्राथमिक विद्यालय वहीं राजाखेड़ा पंचायत समित की नई ग्रापं ढोड़ी का पुरा में भी नवनिर्वाचित सरपंच महावीर सिंह ने भी स्कूल में ही अपना कार्यभार संभाला है। निनोखर में आंगनबाड़ी सेवा केंद्र में कार्यभार संभाला है। इसके लिए पंचायत समिति की ओर से इन भवनों की सूची जारी की गई है। ऐसे में इन पंचायतों के नवीन भवन कब तक बनेंगे तो ग्राम पंचायत का नया रिकॉर्ड एवं सरपंच सचिव कहां बैठेंगे। इसे लेकर लोगों में यह चर्चा का विषय बना हुआ है। लोगों ने बताया कि विद्यालयों में पहले से ही भवनों की कमी है। ऐसे में सरपंचों को कमरा देने के बाद विद्यालयों में बच्चों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।
^नई ग्राम पंचायतों को संचालन के लिए अस्थाई व्यवस्था की गई है। जिसकी सूची जारी कर दी गई है। स्थाई व्यवस्था नहीं होने तक ग्रापं कार्यालयों का इन्हीं जगहों से संचालन करना होगा। स्थाई व्यवस्था के लिए राज्य सरकार को प्रस्ताव भेजा जाएगा। मदनलाल बैरवा, विकास अधिकारी धौलपुर
नए भवनों के लिए लगेगा समय
जहांनई ग्राम पंचायतें बनाई गई हैं वहां अभी नए भवनों को बनने में अभी करीब 1 साल से अधिक का समय लग सकता है। नए भवनों के लिए ग्राम पंचायत मुख्यालय पर जमीन के आवंटन की प्रक्रिया का काम शुरु किया जाएगा। उसके बाद प्रस्ताव को सरकार के पास भेजने के बाद ही वहां से बजट का आवंटन किया जा सकेगा। उसके बाद नए भवन के निर्माण का काम शुरु किया जाएगा। इस प्रक्रिया में काफी समय लगेगा। तब तक सरपंचों एवं सचिवों को दिए गए अस्थाई जगहों से ही ग्रापं के कार्यों का संचालन करना होगा।
मनियां. विद्यालय के कमरे में कार्यभार संभालते हिनौता सरपंच।