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बांध के पाल में रिसाव से व्यर्थ बह रहा पानी

7 वर्ष पहले
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तालाबशाहीबांध के मुख्य पाल में जगह जगह पानी का रिसाव होने से प्रतिदिन हजारों लीटर पानी व्यर्थ बह रहा है। साथ ही इससे लगने वाली दो माइनर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त होने से बांध से सटी सैंकड़ों हैक्टेयर जमीन पर फसल नष्ट हो जाती है।

आदर्श ग्राम पंचायत खानपुर मीणा के अन्तर्गत आने वाले मुगलकालीन ऐतिहासिक तालाबशाही बांध से निकलने वाली पगुली माइनर, खानपुर माइनर पोपनगर माइनर से सटी हुई लगभग 5 किलोमीटर के दायरे में आने वाली कृषि भूमि पर पानी द्वारा सिंचाई की जाती है। विगत कई वर्षों से बांध के मुख्य पाल में जगह जगह पानी का रिसाव होने पर व्यर्थ बह रहे पानी पर कृषकों के समक्ष सिंचाई हेतु संकट के बादल मंडरा रहे है। बांध की मरम्मत वास्ते ग्रामीणों ने पूर्व मुख्यमंत्री वर्तमान सरकार तथा सांसद विधायक सहित जिला अधिकारियों को कई बार अवगत कराया गया है लेकिन कोई ठोस कार्यवाही करने के कारण माह जुलाई से लेकर नवम्बर तक नहर शुरू होने से पूर्व सैकड़ों हैक्टेयर का पानी व्यर्थ बह जाता है। सिंचाई विभाग ने बांध से हो रहे रिसाव को रोकने बावत कोई ठोस प्लान बजट पारित नहीं कराया तो निश्चित तौर पर आने वाले भविष्य में बांध से लगने वाली लगभग 2 हजार एकड़ जमीनों पर सिंचाई नहीं हो सकेगी।

फसलों मंे भर सकता है पानी

सिंचाईपरियोजना के चेयरमैन रामेन्द्र मीणा, पूर्व सरपंच किशन सिंह मीणा, पूर्व सरपंच राजेश मीणा, पूर्व शिक्षाधिकारी बच्चू सिंह मीणा ने बताया कि तालाबशाही बांध से निकलने वाले पानी से जो व्यर्थ बह रहा है। यह चिंता की बात है। माइनरें पूरी तरह से टूट रही है जिससे हमारी फसलों में पानी भर जाता है। सिंचाई विभाग ने तालाबशाही बांध के पानी के रिसाव को ठीक नहीं किया तो गर्मियों में सभी ग्रामवासियों को साथ लेकर धरना प्रदर्शन होगा।

बाड़ी. तालाबशाही बांध जिससे व्यर्थ बहता है पानी।

एक महीने बाद जारौली तक पहुंचा नहर का पानी

बसई नवाब. पार्वतीबांध से नहरों में पानी छोड़े एक माह से भी अधिक हो गए, लेकिन अभी तक भगौरा माइनर में जारौली तक ही पानी पहुंच सका है। राहत की बात है कि शनिवार को हुई बारिश से काफी हद तक किसानों को राहत मिल गई है। अन्यथा पानी की किल्लत से किसानों का कलेजा मुंह तक गया था। हालांकि अभी भी किसानों को बरसाती पानी से संतोष नहीं है। ऐसे में नहर का पानी टेल तक पहुंचाने के लिए कस्बा सहित पिपहेरा,