शहर से दूर नहीं हो एसडीएम दफ्तर
उपखंडकार्यालय को शहर से दूर ले जाने के निर्णय का आम आदमी पार्टी ने विरोध करते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है। उपखंड अधिकारी एवं उप जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय को उदयपुर-जोधपुर बाईपास पर बनाया जाएगा। पार्टी संयोजक नीलेश बुरड़ ने कहा कि उपखंड कार्यालय के वर्तमान स्थान एवं परिसर में पर्याप्त से अधिक जमीन एवं स्थान तथा निर्माण उपलब्ध होने के बावजूद आम जन की समस्या निवारण केंद्र, उपखंड अधिकारी के कार्यालय को अनावश्यक रूप से शहर से करीब 4 किलोमीटर दूर ले जाने का निर्णय जनहित में नहीं है। वर्तमान कार्यालय कोर्ट परिसर में होने से आमजन एवं बाहर से आने वाले ग्रामीणों को बस से उतरते ही सामने अपनी समस्याओं एवं राजस्व तथा न्यायिक मामलों में न्याय सुलभ हो रहा है।
महकमेनहीं दे रहे सूचना
आमआदमी पार्टी ने सूचना के अधिकार के तहत मांगी गई सूचना को नियत समयावधि बाद भी उपलब्ध नहीं कराने पर विरोध जताते हुए प्रशासन से उचित कार्रवाई करने की मांग की। संयोजक नीलेश बुरड़ ने बताया कि आम आदमी को सशक्त और प्रशासनिक व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए सरकार ने सूचना का अधिकार कानून लागू किया, लेकिन अधिकारी और कर्मचारी सरकार की मंशा को पूरा नहीं होने दे रहे हैं। पार्टी ने 4 अगस्त 2014 को आप की जन अदालत कार्यक्रम के दौरान राजकीय अमृतकौर अस्पताल से सूचना के अधिकार कानून के तहत पांच सूचनाएं मांगी गई थी। प्रार्थना पत्र देने के 27 दिन उपरांत लोक सूचना अधिकारी ने सितंबर 2014 को चार सूचनाएं तो उपलब्ध करा दी। जबकि एक सूचना अब तक उपलब्ध नहीं कराई।
राजकीय अमृतकौर अस्पताल में पिछले 2 वर्ष में भ्रष्टाचार एवं स्टाफ की कितनी शिकायतें प्राप्त हुई। उनमें से कितनों का निस्तारण कर दंडित किया गया। शेष कितनी शिकायतें पेंडिंग हैं। उन सभी पेंडिंग शिकायतों की प्रतिलिपि भी मांगी गई। जो अब तक उपलब्ध नहीं कराई गई। 20 अक्टूबर 2014 को प्रथम अपील भी गई। बुरड़ के मुताबिक जो सूचना 30 दिन में मिलनी थी वह 126 दिन बाद भी उपलब्ध नहीं कराई गई। जबकि 30 दिन उपरांत 250 रुपए प्रतिदिन के हिसाब से दंड का प्रावधान है।