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57.36 करोड़ से होगा विकास

5 वर्ष पहले
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जीसी में फिर हंगामा, 7 प्रस्ताव पारित

11.04 बजे: सभापति बबीता चौहान ने जीसी की कार्यवाही शुरू करने की घोषणा की। कांग्रेसी पार्षदों ने प्रस्ताव पर चर्चा करने के बजाय उनकी बात सुनने के लिए कहा।

11.05 बजे : सभापति ने बजट और शहर विकास से जुड़े मुद्दों पर चर्चा शुरू कर दी। मगर विजेंद्र प्रजापति, दलपतराज मेवाड़ा अन्य पार्षद हंगामा करने लगे।

11.06बजे: कांग्रेसी पार्षदों को सभापति के आसन के सामने विरोध जताते देख उपसभापति सुनील मूंदड़ा और अन्य भाजपा पार्षद बचाव में उतरे और शुरू हो गई दोनों पक्षों में विवाद की स्थिति। एक बार तो विरोध और हंगामे के दौरान उपसभापति सुनील मूंदड़ा और पार्षद विजेंद्र प्रजापति अन्य के बीच हाथापाई की नौबत गई।

11.07बजे: इधर हंगामे के दौरान जहां कुछ पार्षद मेज पर चढ़कर कुर्सियां को इधर-उधर फेंक रहे थे तो कुछ ऐसे भी थे इस दौरान अपनी सीट पर ही शांत बैठे नजर आए।

11.08बजे: सभापति ने आयुक्त को प्रस्ताव संख्या एक पढ़ने के आदेश दिए। इसी के साथ आयुक्त मुरारीलाल ने प्रस्ताव संख्या एक पढ़ना ही शुरू किया कि भाजपा खेमे के पार्षदों ने मेज बजाकर पास-पास कहकर समर्थन किया।

11.09बजे: सभापति ने आयुक्त को तत्काल दूसरा प्रस्ताव पढ़ने का आदेश दिया और थोड़ी ही देर बाद सभापति ने कहा कि यह भी ध्वनिमत से पारित किया जाता है।

11.10बजे: प्रस्ताव संख्या 3 और 4 भी पास हो गया। जबकि कांग्रेसी पार्षद सिर्फ सभापति के आसन तक चढ़ गए बल्कि आयुक्त को प्रस्ताव पढ़ने से रोकने लगे मगर भाजपा पार्षदों ने भी बचाव में मोर्चा संभाले रखा। ऐसे में हंगामे के बीच ही प्रस्ताव पारित भी होते गए।

11.11बजे: सभापति ने विधायक शंकरसिंह रावत की मौजूदगी में प्रस्ताव संख्या 1 से 7 तक ध्वनिमत से पारित होने की घोषणा करते हुए तुरंत अपने आसन से उठी और चैंबर में जाकर बैठ गई। उनके पीछे भाजपा पार्षद भी सदन से चले गए। इधर कांग्रेसी पार्षद सभापति के खिलाफ नारेबाजी कर विरोध जताते रहे।

हाथ से छीन लिया माइक

^नहीं...नहीं...प्रस्ताव पढ़ने में टाइम तो लगा था। मैं प्रस्ताव के लिए भूमिका बांध ही रही थी कि कांग्रेसी पार्षदों ने हंगामा खड़ा कर दिया। मेरे हाथ से माइक छीन लिया और आयुक्त से एजेंडा छीनकर उसे फाड़ दिया। उन्हें साधारण सभा चलाने में सहयोग करना चाहिए, ये लोग ब्यावर के हित में कुछ करना ही नहीं चाहते। जब सब साथ में बैठेंगे तभी तो चर्चा होगी। बबीताचौहान, सभापति

ब्यावर. नगर परिषद की साधारण सभा में शुक्रवार को हंगामे के बीच प्रस्ताव पारित होने के बाद पार्षदों के घेरे में कक्ष की और लौटती सभापति और सदन में एजेंडे की चिंदियां उड़ाते कांग्रेस पार्षद।

साधारण सीाा के दौरान सदन में टेबल कूदकर बाहर आते कांग्रेसी पार्षद।

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