ब्यावर में रुकेगी रानीखेत ट्रेन!
ब्यावर|जैसलमेर-काठगोदाम रानीखेतएक्सप्रेस ब्यावर स्टेशन पर रुके अब यह मंशा शहर के हर व्यक्ति की है। भले ही वह किसी भी संगठन से जुड़ा हो। आलम ये है कि हर रोज कोई ना कोई संगठन भास्कर के अभियान से जुड़ रहा है। बुधवार को ब्राह्मण समाज सिंधी समाज ने रेलमंत्री सुरेश प्रभु को पोस्टकार्ड लिखकर रानीखेत को रोकने की मांग की। समाज के लोगों का कहना था कि हम अपना हक मांग रहे हैं। रानीखेत हमारी जरूरत है। इसके रुकने से केवल ब्यावर ही नहीं चार जिलों के लोगों को इसका लाभ मिलेगा। इसके अलावा यह भास्कर की यह मुहिम किसी समाज विशेष के लिए नहीं है बल्कि व्यापारिक, आर्थिक, पर्यटन की दृष्टिकोण से जुड़ी है जिसमें शहर के हर समाज, संगठन, व्यक्ति विशेष का जुड़ना जरूरी है। पूरे शहर की एक ही आवाज है जब तक रेलमंत्री इस ट्रेन को रोकने की लाल झंडी नहीं दिखाते तब तक शहरवासी अपने हक के लिए लड़ते रहेंगे।
ब्राह्मणसमाज ने लिखा पत्र : रेलमंत्रीको ब्राह्मण समाज ने पत्र लिखा। पत्र लिखने वालों में सत्यनारायण शर्मा, ओमप्रकाश, आशीश काटिया, भरत शर्मा, राजेंद्र शर्मा, अश्वनी कुमार, दार्शित शर्मा, सुमित शर्मा, अनुनय शर्मा, राकेश शर्मा, संतोष शर्मा, गोपाल शर्मा, हरषित शर्मा, मनीष व्यास, रामवतार, हार्दिक शर्मा, धनेश शर्मा, जितेश शर्मा, ध्रुवी शर्मा, रविकांत शर्मा, धीरज शर्मा, भुवनेश शर्मा, रूपेश शर्मा, सीएन शर्मा, हिमांशु शर्मा, सीपी अग्निहोत्री, सुनील शर्मा, राजेश शर्मा, नटवर पाराशर सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल थे।
सिंधीसमाज भी मुहिम में शामिल: सिंधीसमाज के पूर्व अध्यक्ष हरी पी हेमलानी के नेतृत्व में शहर में रानीखेत एक्सप्रेस ठहराव को लेकर लोगों ने रेलमंत्री सुरेश प्रभु के नाम पत्र लिखे। इसमें समाज के लोगों ने बताया कि यदि यह ट्रेन ब्यावर में रुकती है तो इसका सीधा फायदा शहरवासियों समेत आस-पास के 5 जिलों के लोगों को मिलेगा। इस मौके पर सिंधु सेना के जिलाध्यक्ष विजय गुलाबानी, ब्यावर शहर अध्यक्ष आसनदास वासवानी, कमल चचलानी, गिरीश महाराज, गोपाल नाथानी, नरेंद्र जेसवानी, भगवान दरियानी, मोनू, राजकुमार, मीना, रेखा लालवानी अादि मौजूद थे। जैन सोश्यल ग्रुप नवकार के अध्यक्ष ने भी रेलमंत्री को पत्र लिखकर रानीखेत रोकने की मांग की। जागृति एज्युकेशन सोसायटी की तरफ से अध्यक्ष आरसी गोयल सचिव पुष्पांजलि पारीक के द्वारा भी रेलमंत्री को पत्र लिखा गया। जनजागरण मंच की तरफ से इस अभियान के जनक रामसहाय शर्मा ने बताया कि मंच की तरफ से सुबह दस बजे अजमेरी गेट पर रानीखेत ट्रेन के ठहराव के लिए पत्र लिखा जाएगा।
ब्यावर. रानीखेतएक्सप्रेस ट्रेन रोकने की मांग करते सिंधी समाज के लोग।
ब्यावर. रानीखेत एक्सप्रेस ट्रेन रोकने की मांग करते ब्रह्माण समाज के लोग।
अक्षय सक्सेना| ब्यावर
जैसलमेर-काठगोदामरानीखेत एक्सप्रेस ब्यावर स्टेशन पर रोकने की कवायद शुरू हो गई है। यदि सब कुछ सही रहा तो इसी रेलबजट में केंद्रीय रेल मंत्री सुरेश प्रभु इस ट्रेन को लाल झंडी दिखा सकते हैं। सांसद हरिओम सिंह राठौड़ के पत्र पर रेल मंत्री ने सकारात्मक संकेत दिए हैं। मंडल रेल प्रबंधक भी सांसद को पत्र लिखकर अवगत करा चुका है कि ब्यावर रेलवे स्टेशन पर रानी खेत के ठहराव में राजस्व की कोई समस्या नहीं है। ऐसे में इस बजट में ब्यावर स्टेशन पर रानीखेत ट्रेन को रुकने की लाल झंडी मिलने की पूरी संभावना है।
ब्यावर शहरवासियों के लिए यह राहत की खबर है कि हमारी आवाज को पहचान मिलने जा रही है। जिस उद्देश्य को लेकर भास्कर ने मुहिम शुरू की थी उस मुहिम को शहर के संगठनों ने, जनप्रतिनिधियों ने समाजसेवियों ने जिस अंदाज में रंग भरना शुरू किया उससे इस बात की संभावना बढ़ गई थी कि इस बजट में रेल मंत्री उनकी फरियाद सुन सकते हैं। पोस्टकार्ड अभियान के जरिए हजारों की संख्या में शहर के लोग रोज रेलमंत्री सुरेश प्रभु तक अपनी बात पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं। सैकड़ों स्कूली बच्चे भी पोस्टकार्ड लिखकर इस अभियान के साक्षी बने हैं। शहरवासियों ने पत्र में रेलमंत्री को सिर्फ अपनी मांग से ही अवगत नहीं कराया है बल्कि उन्हें इस बात की जानकारी भी दी कि आखिर ब्यावर रेलवे स्टेशन पर रानीखेत ट्रेन क्यों रुके। भास्कर ने भी रेलमंत्री को बताया कि आखिर रानीकेत को ब्यावर स्टेशन पर रोका जाता है तो शहर का व्यापार किस तरह फले-फूलेगा रेलवे को राजस्व को रूप में क्या फायदा होगा। शहर के विकास में यह ट्रेन किस तरह कारगर साबित होगी।
सांसदकी पहल जारी : सांसदहरिओम सिंह राठौड ने एक माह पहले सात जनवरी को रेलमंत्री सुरेश प्रभु को रानीखेत सहित अन्य ट्रेनों को रोकने के लिए पत्र लिखा था। रेलमंत्री को यह पत्र 21 जनवरी को मिला था। जिसमें उन्होंने सांसद को अवगत कराया था कि गाड़ी संख्या 15013/15014 का ठहराव ब्यावर रेलवे स्टेशन पर रुकवाने के संबंध के मामले की जांच कराई जा रही है। उन्होंने डीआरएम को भी साथ में एक पत्र सात जनवरी को भेजा ताकि प्रशासनिक स्तर पर भी जानकारी रहे कि इस ट्रेन को रोकने में किसी तरह की अड़चन नहीं आए। डीआरएम नरेश सालेचा ने चार फरवरी को सांसद हरिओम सिंह राठौड को पत्र लिखकर अवगत कराया कि रानीखेत एक्सप्रेस के ठहराव के संबंध में राजस्व उचित पाया गया है। और यह जानकारी अजमेर के द्वारा जयपुर मुख्यालय को भेज दी गई है। रेलबजट के दौरान मिलेगा ब्यावर का डेलीगेशन : भाजपाका एक डेलीगेशन वरिष्ठ पदाधिकारी रमेश बंसल के नेतृत्व में रेलमंत्री सुरेश प्रभु से मिलेगा। इस संबंध में रमेश बंशल ने बताया कि उनकी मंत्री से बात हुई। रेल मंत्री ने उन्हे रेल बजट के दौरान मिलने का आश्वासन दिया। रमेश बंशल ने बताया कि जिस तरह से रेलमंत्री ने बात की उससे प्रतीत होता है कि ब्यावर शहरवासियों को इस रेल बजट में रानीखेत के रूप में एक तोहफा रेलमंत्री द्वारा दिया जा सकता है।
^हमने व्यक्तिगत रूप से भी रेलमंत्री सुरेश प्रभु से बात की है। हमने उनसे स्पष्ट कह दिया है कि रानीखेत ट्रेन ब्यावर स्टेशन पर ठहराव की घोषणा करनी होगी। भले ही ट्रेन ना रुके लेकिन वो रुकने वाले नहीं है। ब्यावर के लोगों की जरूरत है रानीखेत। इसलिए इसे हर हाल में रोका जाना चाहिए। इनकी तरफ से भी पॉजीटिव संकेत मिले हैं। हरिओमसिंह राठौड, सांसद