3 हजार एमटी यूरिया आया, वितरण आज से
रविवारको लंबे इंतजार के बाद भरतपुर में यूरिया की रैक गई है। रैक में 3000 मैट्रिक टन खाद आया है। इसे सोमवार से जिले की 42 क्रय-विक्रय सहकारी समिति के माध्यम से किसानों को वितरित किया जाएगा। इधर मावठ के कारण यूरिया की मांग बढ़ गई है।
इससे खाद की किल्लत बनी रहने की संभावना है। वैसे खाद की किल्लत संभाग भर में है। संभाग को 89 हजार मैट्रिक टन यूरिया की आवश्यकता है, किंतु अभी तक 63500 मैट्रिक टन यूरिया ही आया है। यानी अभी 19500 मैट्रिक टन खाद की जरूरत है। इसमें सबसे अधिक कमी धौलपुर में है। धौलपुर में 8000 मैट्रिक टन यूरिया आना बाकी है। इसी प्रकार भरतपुर में 7500 तथा करौली में 4000 मैट्रिक टन खाद की कमी बरकरार है। जबकि सवाईमाधोपुर में जरूरत के अनुसार 20000 एमटी खाद चुका है। संभागीय आयुक्त विकास एस भाले ने संबंधित वरिष्ठ अधिकारियों से इस संबंध में बात की, जिसमें 16 दिसंबर तक 1600 एमटी खाद मुहैया कराने का आश्वासन दिया है।
संभागीय आयुक्त विकास एस भाले ने बताया कि खाद की कमी का प्रमुख कारण किसानों में स्टाक करने की प्रवृत्ति है। फिर भी खाद की कमी नहीं आने दी जाएगी। बकाया खाद इसी महीने तक मंगाने के भरसक प्रयास किए जा रहे हैं। रैक जल्द लगने की संभावना है।