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आज तय होगा प्रधान, जिप पंस सदस्यों का आरक्षण

7 वर्ष पहले
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पंचायतीराजसंस्थाओं के चुनाव में किस जाति-वर्ग का व्यक्ति किस पद पर चुनाव लड़ सकेगा, यह सोमवार से तय होना शुरू हो जाएगा। जिले के 12 प्रधान, 37 जिला परिषद सदस्य तथा 226 पंचायत समिति सदस्यों की आरक्षण लॉटरी कलेक्ट्रेट सभागार में सुबह 10:30 बजे निकाली जाएगी। जिला निर्वाचन विभाग ने लॉटरी निकालने की तैयारियां पूरी कर ली हैं।

पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव जनवरी-फरवरी में होने हैं। जिला प्रमुख की आरक्षण लॉटरी सरकार के स्तर पर जयपुर में निकलेगी। हालांकि इसकी तारीख अभी तय नहीं है। जिला स्तर पर लॉटरी निकालने की शुरुआत सोमवार से हो जाएगी। इस दिन नवगठित बिजौलियां पंचायत समिति सहित 12 प्रधान का आरक्षण तय किया जाएगा। इसके बाद जिला परिषद सदस्य 12 पंचायत समिति सदस्यों की लॉटरी निकाली जाएगी। वर्ष 2010 के चुनाव में 11 पंचायत समितियों के 211 वार्डों की लाटरी निकाली थी। जिला निर्वाचन विभाग में जिला परिषद सीईओ रामपाल शर्मा तथा यूआईटी की विशेषाधिकारी निमिषा गुप्ता ने रविवार दोपहर लॉटरी की तैयारियों को अंतिम रूप दिया। एडीएम गिरिराज कुमार वर्मा ने बताया कि लॉटरी की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।

इनकी सीट बढ़ेगी

पंचायतचुनाव 2015 में ओबीसी महिला वर्ग का एक-एक प्रधान बढ़ जाएगा। इसकी वजह जिले में 11 से बढ़कर 12 पंचायत समिति होना है। अभी 11 में से एससी के दो, एसटी एक तथा ओबीसी के दो प्रधान हैं। छह प्रधान सामान्य वर्ग के हैं। कुल सीटों का 50 फीसदी महिला आरक्षण होने के कारण 5 सीटों पर महिला प्रधान हैं। इस बार बिजौलियां नई पंचायत समिति बनने से 12 में से छह सीटें महिलाओं के खाते में जाएंगी। ओबीसी को छोड़ किसी भी वर्ग की सीटों में बदलाव नहीं होगा। ओबीसी की एक सीट बढ़ेगी। ओबीसी वर्ग के इस बार तीन प्रधान चुने जाएंगे।

37होंगे जिप सदस्य

जिपसदस्यों की संख्या 37 है। इसमें कोई बदलाव नहीं हुआ है। वर्तमान में एससी के छह, एसटी चार, ओबीसी 8 तथा 19 सीटों पर सामान्य वर्ग के व्यक्ति सदस्य हैं। इनमें कुल की आधी 18 सीटें महिलाओं के लिए हैं। एससी, एसटी, ओबीसी महिलाओं की सीटें पूर्ववत ही रहने की उम्मीद है।

येइस बार नहीं

जिपसीईओ रामपाल शर्मा ने बताया कि आरक्षण का मुख्य आधार पिछले चार चुनाव है। इन चुनाव में जो सीट जिस वर्ग के लिए आरक्षित रही है, उसे इस बार आरक्षण में शामिल नहीं किया जाएगा।

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