पिता ने कहा बेटी की मौत नहीं, हत्या
कोतवालीथाना क्षेत्र के कैलाशनगर में दो दिन पहले हुई आदिवासी युवती की संदिग्ध मौत के मामले में गुरुवार को प्रतापगढ़ जिले से आए उसके पिता अन्य परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है।
प्रतापगढ़ के घंटाली थानांतर्गत कांकरवा पाड़ा डूंगलावाणी निवासी कमलाशंकर पुत्र गौतम निनामा ने गुरुवार को कोतवाली थाना प्रभारी के नाम परिवाद दिया कि उसकी बेटी संदू उर्फ संतोष को करीब एक साल पहले बांसवाड़ा के दानपुर थानांतर्गत सेमलखेड़ा निवासी मुकेश पुत्र हुकिया निनामा अन्य बहला-फुसलाकर भगा ले गए थे। इसकी रिपोर्ट घंटाली थाने में दी थी, जिसकी जांच जारी है। बुधवार सुबह किसी ने उसे फोन पर बताया कि उसकी बेटी की तबीयत खराब है तथा प्रतापगढ़ अस्पताल में भर्ती है। मैं वहां पहुंचा, लेकिन कोई नहीं मिला। कमलाशंकर निनामा के अनुसार शाम को घंटाली थाना प्रभारी ने सूचना दी कि उसकी बेटी की लाश थाने में पड़ी है। एक टवेरा गाड़ी को नाकाबंदी में पकड़कर ड्राइवर को गिरफ्तार किया गया। थाने में जाने पर बेटी की लाश मिली। उसके शरीर पर मारपीट चोटों के निशान थे। गले पर नाखूनों के निशान गले पर नील पड़ी थी। इस पर उसने ऐसी स्थिति में लाश लेने से इनकार कर दिया। उसने बेटी के शव का दुबारा पोस्टमार्टम करवाने तथा मर्ग के बजाय अपहरण, ज्यादती हत्या की धाराओं में मामला दर्ज करवाने की मांग की। गौरतलब है कि नौ दिसंबर को कैलाशनगर में ठेकेदार सुरेशचंद्र कुमावत के गोदाम में रहने वाले मुकेश मीणा ने रिपोर्ट दी थी कि उसकी प|ी ने कोई विषाक्त वस्तु खा ली, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम करवाया था।